जयपुर में हनीट्रैप और ब्लैकमेलिंग के एक बड़े मामले का पुलिस ने खुलासा किया है। पुलिस ने इस केस में मास्टरमाइंड युवती के बाद अब उसके सहयोगी एक युवक को भी गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी युवक को दिल्ली के द्वारका से शुक्रवार रात पकड़ा गया है। पुलिस के अनुसार यह युवक ब्लैकमेलिंग गैंग में युवती का करीबी साथी था और पैसे ट्रांसफर करने से लेकर पूरे नेटवर्क को संभालने में मदद करता था। इससे पहले पुलिस ने मुख्य आरोपी युवती को जोधपुर से गिरफ्तार किया था।
कैसे शुरू हुआ पूरा मामला?
महेश नगर थाना क्षेत्र के रहने वाले 42 वर्षीय बिजनेसमैन ने जुलाई 2025 में FIR दर्ज करवाई थी। शिकायत में बताया गया कि वर्ष 2017 में उनकी कंपनी में समर इंटर्न के रूप में एक युवती जुड़ी थी, जिसने बाद में नौकरी छोड़ दी।
इसके बाद युवती ने सोशल मीडिया के जरिए दोबारा संपर्क बनाने की कोशिश की। शुरुआत में नजरअंदाज करने पर उसने बिजनेसमैन की पत्नी से दोस्ती कर ली और धीरे-धीरे परिवार में घुलमिल गई। इसके बाद उसने शादी का झांसा देकर भावनात्मक रूप से फंसाया और फिर पैसे ऐंठने शुरू कर दिए।
90 लाख की ठगी और रेप केस की धमकी
पुलिस जांच में सामने आया कि युवती ने अलग-अलग तरीकों से बिजनेसमैन से करीब 90 लाख रुपए वसूल लिए। जब पीड़ित ने आगे पैसे देने से इनकार किया, तो उसे झूठे रेप केस में फंसाने की धमकी दी गई। इसके बाद आरोपी ने 50 लाख रुपए और मांगने शुरू कर दिए, जिससे पीड़ित ने पुलिस में शिकायत दर्ज करवाई।
पुलिस जांच में खुलासे
महेश नगर SHO सुरेश यादव ने बताया कि गिरफ्तार युवक के बैंक अकाउंट में ब्लैकमेलिंग की रकम ट्रांसफर की गई थी। पूछताछ में युवती ने इस सहयोगी का नाम बताया, जिसके बाद उसे दिल्ली से गिरफ्तार किया गया। पुलिस का मानना है कि यह एक संगठित हनीट्रैप गैंग हो सकता है और इसमें अन्य लोग भी शामिल हो सकते हैं। मामले की जांच जारी है।