राजस्थान में भीषण गर्मी और नौतपा के बीच मौसम ने अचानक करवट ले ली है। पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से प्रदेश के अधिकांश जिलों में तेज आंधी, बारिश, ओलावृष्टि और धूल भरे बवंडर देखने को मिले। कई इलाकों में दिन के समय ही रात जैसा अंधेरा छा गया, जबकि तेज हवाओं के कारण पेड़ उखड़ गए और जनजीवन प्रभावित हुआ।

मौसम विभाग ने प्रदेश के अधिकांश जिलों के लिए यलो अलर्ट जारी करते हुए 3 जून तक मौसम में उतार-चढ़ाव बने रहने की संभावना जताई है। इस दौरान कई स्थानों पर तेज हवाओं, गरज-चमक के साथ बारिश और बिजली गिरने की चेतावनी दी गई है।

किशनगढ़ में 102 KMPH की रफ्तार से चली हवा

शनिवार को प्रदेश में सबसे ज्यादा चर्चा किशनगढ़ एयरपोर्ट पर रिकॉर्ड की गई तेज हवाओं की रही। यहां हवा की अधिकतम रफ्तार 102 किलोमीटर प्रति घंटा दर्ज की गई, जो हाल के वर्षों में सबसे तेज आंधियों में से एक मानी जा रही है।

तेज हवाओं और धूल के गुबार ने कई जिलों में दृश्यता को बेहद कम कर दिया। बीकानेर, चूरू, नागौर, श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़ और सीकर में दोपहर के समय आसमान धूल से भर गया और कई जगहों पर दिन में ही अंधेरा जैसा माहौल बन गया।

उदयपुर में रात को आया तेज तूफान

उदयपुर में शनिवार रात करीब 10 बजे तेज आंधी और तूफान ने लोगों को चौंका दिया। लगभग डेढ़ घंटे तक तेज हवाएं चलती रहीं और कई क्षेत्रों में पेड़ गिर गए।

सुंदरवास रोड पर एक बड़ा पेड़ सड़क पर गिर गया, जिसकी चपेट में आने से एक बाइक क्षतिग्रस्त हो गई। हालांकि बाइक सवार समय रहते पीछे हट गए और उनकी जान बच गई।

धूल भरे बवंडर से प्रभावित हुआ उत्तर-पश्चिम राजस्थान

चूरू, बीकानेर, श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़, नागौर, डीडवाना-कुचामन और सीकर जिलों में धूल भरे बवंडर का व्यापक असर देखने को मिला।

बीकानेर के लूणकरणसर और बज्जू क्षेत्र के साथ-साथ चूरू के सरदारशहर इलाके में आसमान लाल और पीले रंग की धूल से ढक गया। कई स्थानों पर लोगों को वाहन चलाने में परेशानी का सामना करना पड़ा।

तीन दिन में 12 डिग्री तक गिरा तापमान

मौसम में आए बदलाव का असर तापमान पर भी साफ दिखाई दिया है। पिछले तीन दिनों में राजस्थान के कई शहरों का तापमान 9 से 12 डिग्री सेल्सियस तक गिर गया।

प्रमुख शहरों में तापमान में गिरावट

  • श्रीगंगानगर: 48.2°C से गिरकर 36.4°C

  • अलवर: 46°C से गिरकर 34.5°C

  • जयपुर: 45.4°C से गिरकर 36.8°C

  • हनुमानगढ़: 43.9°C से गिरकर 33.1°C

यह गिरावट लोगों के लिए राहत लेकर आई है, जो पिछले कई दिनों से भीषण गर्मी का सामना कर रहे थे।

20 शहरों में 40 डिग्री से नीचे पहुंचा पारा

शनिवार को राज्य के 20 शहरों में अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से नीचे दर्ज किया गया।

सबसे अधिक तापमान फलोदी में 42.6°C रिकॉर्ड किया गया। इसके अलावा—

  • जैसलमेर: 41.4°C

  • बाड़मेर: 40.7°C

  • चूरू: 40.4°C

  • बीकानेर: 40.2°C

  • कोटा: 40.2°C

वहीं हनुमानगढ़ सबसे ठंडा जिला रहा, जहां अधिकतम तापमान 33.1°C दर्ज किया गया।

जयपुर में 76 KMPH की रफ्तार से आया अंधड़

राजधानी जयपुर में शनिवार शाम करीब 5 बजे तेज अंधड़ आया। मौसम विभाग के अनुसार हवा की अधिकतम रफ्तार 76 किलोमीटर प्रति घंटा दर्ज की गई।

शहर के कई हिस्सों में बारिश हुई, जबकि जोबनेर क्षेत्र में करीब पांच मिनट तक ओलावृष्टि भी हुई। तेज हवाओं और बारिश से लोगों को गर्मी से राहत मिली।

जोधपुर में सुबह हुई बारिश

जोधपुर में शनिवार सुबह हल्की बारिश दर्ज की गई। इसके चलते अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहा, जो पिछले दिनों की तुलना में कम था।

मौसम विभाग ने आगामी एक सप्ताह तक जोधपुर संभाग में बादल छाए रहने, तेज हवाएं चलने और हल्की बारिश की संभावना जताई है।

अजमेर में 70 KMPH तक चल सकती है हवा

अजमेर संभाग में भी मौसम विभाग ने गरज-चमक के साथ तेज बारिश और 60 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने की चेतावनी जारी की है।

पिछले 24 घंटों में अजमेर में 11 मिमी बारिश दर्ज की गई, जबकि तापमान में भी गिरावट देखने को मिली।

कोटा में रात का तापमान 6 डिग्री तक गिरा

कोटा में पश्चिमी विक्षोभ के असर से दिन और रात दोनों के तापमान में गिरावट आई है। शनिवार को अधिकतम तापमान 40.2°C और न्यूनतम तापमान 25°C दर्ज किया गया।

स्थानीय लोगों को गर्मी से राहत देने के लिए कई सामाजिक संगठनों ने राहगीरों को शर्बत और ठंडा पानी वितरित किया।

अगले तीन दिन कैसा रहेगा मौसम?

मौसम विभाग के अनुसार 3 जून तक राजस्थान में पश्चिमी विक्षोभ का प्रभाव बना रहेगा। इस दौरान कई जिलों में तेज आंधी, बिजली गिरने, गरज-चमक और हल्की से मध्यम बारिश की संभावना है।

विशेष रूप से उत्तर-पश्चिम और पूर्वी राजस्थान के जिलों में मौसम लगातार बदलता रहेगा। लोगों को खुले स्थानों, पेड़ों और बिजली के खंभों से दूर रहने तथा मौसम विभाग की चेतावनियों का पालन करने की सलाह दी गई है।

फिलहाल भीषण गर्मी से राहत जरूर मिली है, लेकिन तेज आंधी और धूल भरे तूफान ने मौसम को नया चुनौतीपूर्ण रूप दे दिया है।