राजस्थान के डीग जिले में एक युवक की संदिग्ध मौत को लेकर बड़ा विवाद खड़ा हो गया। भरतपुर लोकसभा सीट से कांग्रेस सांसद संजना जाटव और पुलिस प्रशासन के बीच तीखी नोकझोंक देखने को मिली। मामला कुम्हेर थाना क्षेत्र के चौकीपुरा गांव का है, जहां एक युवक की मौत के बाद परिजनों और ग्रामीणों ने हत्या का आरोप लगाते हुए विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया।
घायल मिलने के चार दिन बाद युवक की मौत
जानकारी के अनुसार, चौकीपुरा निवासी धर्मवीर सिंह चार दिन पहले गंभीर रूप से घायल अवस्था में मिला था। पहले उसका इलाज भरतपुर के आरबीएम अस्पताल में कराया गया, लेकिन हालत बिगड़ने पर उसे जयपुर रेफर किया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। परिजनों का आरोप है कि धर्मवीर के साथ बेरहमी से मारपीट की गई थी, जिसके कारण उसकी जान गई। उन्होंने दोषियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की।
धरने पर बैठीं सांसद संजना जाटव
घटना के विरोध में पहले ग्रामीणों ने कुम्हेर थाने के बाहर प्रदर्शन किया। सूचना मिलने पर सांसद संजना जाटव भी गांव पहुंचीं और परिजनों के समर्थन में धरने पर बैठ गईं। उनका आरोप था कि पुलिस प्रशासन मामले में कार्रवाई करने के बजाय टालमटोल कर रहा है और पीड़ित परिवार को न्याय नहीं मिल रहा।
शव को ट्रैक्टर में रखकर IG ऑफिस ले जाने लगीं
जब प्रशासन के साथ बातचीत बेनतीजा रही तो सांसद संजना जाटव मृतक का शव ट्रैक्टर में रखकर आईजी कार्यालय ले जाने के लिए रवाना हो गईं। रास्ते में पुलिस ने उन्हें रोक दिया, जिसके बाद माहौल तनावपूर्ण हो गया। इसी दौरान सांसद और पुलिसकर्मियों के बीच तीखी बहस हुई।
संजना जाटव ने पुलिस पर अभद्र व्यवहार का आरोप लगाते हुए कहा कि यदि न्याय मांगना अपराध है तो उन्हें हथकड़ी लगाकर जेल भेज दिया जाए। वहीं ग्रामीणों ने भी पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
एसपी बोले- दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा
बढ़ते विवाद को देखते हुए डीग एसपी कांबले गोपीनाथ शरण और कुम्हेर एसडीएम मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने सांसद और ग्रामीणों से लंबी वार्ता की। बातचीत के बाद प्रशासन ने तीन प्रमुख मांगों पर सहमति जताई।
इनमें आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी, मेडिकल बोर्ड से पोस्टमार्टम कराने और पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया गया। अधिकारियों ने कहा कि मामले में जो भी दोषी पाए जाएंगे, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।