राजस्थान की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक धरोहरों में शामिल तथा 'राजस्थान का खजुराहो' कहे जाने वाले किराडू मंदिर को राज्य सरकार से बड़ी सौगात मिली है। "एक जिला–एक पर्यटन स्थल" योजना के तहत वित्तीय वर्ष 2026-27 में मंदिर के समग्र विकास के लिए 5 करोड़ 43 लाख रुपये की वित्तीय स्वीकृति प्रदान की गई है। इस फैसले से बाड़मेर जिले में खुशी का माहौल है और इसे पर्यटन विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है।
सरकार की इस घोषणा के बाद शुक्रवार को किराडू मंदिर परिसर में भाजपा कार्यकर्ताओं और स्थानीय नागरिकों ने आतिशबाजी कर खुशी का इजहार किया। कार्यकर्ताओं ने एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर इस निर्णय का स्वागत किया और इसे बाड़मेर के पर्यटन और सांस्कृतिक विरासत के लिए ऐतिहासिक कदम बताया।
इस अवसर पर कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, उपमुख्यमंत्री एवं पर्यटन मंत्री दिया कुमारी तथा भाजपा नेता स्वरूपसिंह खारा का आभार व्यक्त किया। उनका कहना था कि किराडू मंदिर के संरक्षण और विकास की मांग लंबे समय से उठाई जा रही थी, जिसे राज्य सरकार ने मंजूरी देकर स्थानीय लोगों की उम्मीदों को पूरा किया है।
स्थानीय लोगों का मानना है कि स्वीकृत राशि से मंदिर परिसर में आधारभूत पर्यटन सुविधाओं का विस्तार किया जाएगा। इसमें पर्यटकों के लिए बेहतर पहुंच मार्ग, आवश्यक सुविधाएं, सौंदर्यीकरण और अन्य विकास कार्य शामिल किए जा सकते हैं। इससे देश-विदेश से आने वाले पर्यटकों को बेहतर अनुभव मिलेगा और बाड़मेर पर्यटन मानचित्र पर और अधिक मजबूती से उभरेगा।
इसके अलावा पर्यटन गतिविधियों में वृद्धि से स्थानीय युवाओं और व्यापारियों के लिए रोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे। होटल, परिवहन, हस्तशिल्प और स्थानीय व्यवसायों को भी इसका सीधा लाभ मिलने की उम्मीद है।
कुल मिलाकर, किराडू मंदिर के विकास के लिए 5.43 करोड़ रुपये की स्वीकृति बाड़मेर की सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण, पर्यटन को बढ़ावा देने और स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।