कोटा। कोटा-उदयपुर नेशनल हाईवे (NH-27) पर शुक्रवार देर रात हुए भीषण सड़क हादसे में बाइक सवार दो दोस्तों की मौत हो गई, जबकि उनका एक अन्य साथी गंभीर रूप से घायल हो गया। हादसे की सबसे भावुक बात यह रही कि तीनों दोस्तों ने दुर्घटना से कुछ ही मिनट पहले सड़क किनारे रुककर एक सेल्फी ली थी। इसके बाद जैसे ही वे आगे बढ़े, पीछे से तेज रफ्तार ट्रक ने उनकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी।

यह हादसा 10 जुलाई की रात करीब 11:30 बजे उद्योगनगर थाना क्षेत्र के धाकड़खेड़ी के पास हुआ। मृतकों की पहचान उम्मेदगंज निवासी अभिषेक (19) और मोनू (20) के रूप में हुई है, जबकि कालू (21) गंभीर रूप से घायल है और उसका अस्पताल में इलाज जारी है। शनिवार को कोटा न्यू मेडिकल कॉलेज अस्पताल की मॉर्च्यूरी में दोनों युवकों के शवों का पोस्टमॉर्टम कराया गया।

हादसे से पहले ली थी आखिरी सेल्फी

मृतक अभिषेक के दोस्त दुर्गा शंकर ने बताया कि अभिषेक, मोनू और कालू शुक्रवार रात बाइक से रायपुरा से जगपुरा फोरलेन की ओर घूमने निकले थे। कैथून रोड फ्लाईओवर पार करने के बाद वे झालावाड़ रोड की तरफ करीब 500 मीटर आगे पहुंचे और कुछ देर के लिए बाइक रोक दी। इसी दौरान अभिषेक और मोनू ने अपने मोबाइल से एक सेल्फी ली, जबकि कालू पास में पानी पीने चला गया था।

कुछ देर बाद तीनों दोबारा बाइक पर सवार होकर आगे बढ़े। तभी पीछे से तेज रफ्तार ट्रक ने उनकी बाइक को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि बाइक के परखच्चे उड़ गए और तीनों युवक सड़क किनारे दूर जा गिरे।

अस्पताल पहुंचने से पहले तोड़ दिया दम

हादसे के बाद वहां से गुजर रहे ग्रामीणों ने तीनों युवकों को लहूलुहान हालत में देखा और तुरंत परिजनों व एम्बुलेंस को सूचना दी। तीनों को अस्पताल ले जाया गया, लेकिन अभिषेक और मोनू ने गंभीर सिर और शरीर की चोटों के कारण रास्ते में ही दम तोड़ दिया। घायल कालू का अस्पताल में उपचार जारी है।

मौके पर मिले ट्रक के निशान

उद्योगनगर थाना के एएसआई सायर सिंह ने बताया कि रात करीब 11:30 बजे कंट्रोल रूम से सड़क हादसे की सूचना मिली थी। पुलिस मौके पर पहुंची तो फोरलेन पुलिया पर तीन युवक अचेत अवस्था में मिले। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि किसी अज्ञात ट्रक ने बाइक को पीछे से टक्कर मारी। घटनास्थल पर ट्रक के टायरों के घसीटने के निशान भी मिले हैं। पुलिस ट्रक और उसके चालक की तलाश करते हुए मामले की जांच कर रही है।

दोनों परिवारों पर टूटा दुखों का पहाड़

मृतक मोनू के चाचा सुरेंद्र भील ने बताया कि तीनों दोस्त एक फैक्ट्री में मजदूरी करते थे। शुक्रवार रात एक दोस्त के बुलाने पर मोनू घर से निकला था। वह दो भाइयों में बड़ा था। उसकी मां का छह महीने पहले निधन हो चुका था, जबकि पिता लंबे समय से बीमार हैं।

वहीं, अभिषेक के बड़े भाई रवि ने बताया कि अभिषेक रात करीब 9 बजे घर से निकला था। परिवार को हादसे की सूचना रात करीब 2 बजे मिली। अभिषेक तीन भाइयों में दूसरे नंबर पर था और उसके पिता का पहले ही निधन हो चुका है।

इस दर्दनाक हादसे ने दो परिवारों के इकलौते सहारों को हमेशा के लिए छीन लिया। वहीं, हादसे से पहले ली गई दोनों दोस्तों की आखिरी सेल्फी अब उनकी याद बनकर रह गई है। पुलिस मामले की जांच में जुटी है और फरार ट्रक चालक की तलाश की जा रही है।