राजस्थान में निकाय चुनावों का काउंटडाउन शुरू होते ही राजधानी जयपुर में सियासी हलचल तेज हो गई है। चुनावी तारीखों के औपचारिक ऐलान से पहले ही राजनीतिक दलों के दफ्तरों में टिकट के दावेदारों की भारी भीड़ जुटने लगी है। सबसे ज्यादा गहमागहमी भारतीय जनता पार्टी (BJP) के खेमे में देखी जा रही है, जहां पार्षद की कुर्सी के लिए दावेदारों के बीच होड़ मची हुई है।

महिलाओं ने दिखाया दम, पार्टी के लिए बढ़ा मंथन

जयपुर शहर भाजपा अध्यक्ष अमित गोयल के अनुसार, पार्टी के पास अब तक 2500 से ज्यादा बायोडाटा आ चुके हैं। इनमें सबसे खास बात यह है कि करीब 1000 आवेदन सिर्फ महिलाओं के हैं।

इस बार एकीकृत जयपुर नगर निगम के कुल 150 वार्डों में से 50 सीटें महिलाओं के लिए आरक्षित हैं। लेकिन महिला दावेदारों ने सिर्फ आरक्षित सीटों पर ही नहीं, बल्कि सामान्य (ओपन) वार्डों से भी बड़ी संख्या में अपनी दावेदारी पेश की है। महिलाओं के इस जबरदस्त उत्साह को देखते हुए टिकट वितरण के दौरान पार्टी आलाकमान को खासी माथापच्ची करनी पड़ सकती है।

टिकट के लिए जोर-आजमाइश: नेताओं के छुए जा रहे पैर

निकाय चुनाव में पार्षद की कुर्सी भले ही छोटी नजर आती हो, लेकिन स्थानीय राजनीति में यही आगे की सबसे बड़ी सियासी सीढ़ी बनती है। यही वजह है कि आम कार्यकर्ता से लेकर स्थानीय नेता तक टिकट के लिए पूरा जोर लगा रहे हैं।

पार्टी कार्यालयों में फिलहाल बायोडाटा छांटने की तैयारियां जोरों पर हैं। टिकट पक्का करने की चाह में दावेदार सीनियर नेताओं के चक्कर काट रहे हैं और कई जगहों पर तो बड़े नेताओं के पैर छूकर आशीर्वाद (टिकट) मांगते हुए भी देखे जा रहे हैं।

बायोडाटा से ज्यादा 'सियासी पकड़' पर होगा फैसला

राजनीतिक जानकारों का मानना है कि अब असली सियासी घमासान सिर्फ बायोडाटा जमा करने का नहीं, बल्कि 'बायोडाटा के पीछे की पकड़' का होगा। टिकट की रेस में वही उम्मीदवार आगे निकलेगा, जिसका पार्टी संगठन में अच्छा प्रभाव हो। टिकट का अंतिम फैसला उम्मीदवार की स्थानीय पकड़, जातिगत समीकरण और उसकी जीत की संभावना को परखने के बाद ही किया जाएगा।

जयपुर नगर निगम चुनाव: कब है वोटिंग?

आपको बता दें कि राजस्थान में निकाय चुनाव इस बार दो चरणों में संपन्न कराए जा रहे हैं। चुनाव से पहले वार्डों के आरक्षण की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है।

  • मतदान की तारीख: जयपुर नगर निगम में दूसरे चरण के तहत 11 सितंबर 2026 को वोट डाले जाएंगे।

  • नतीजों की तारीख: चुनाव की मतगणना 14 सितंबर 2026 को होगी, जिसके बाद तय हो जाएगा कि जयपुर की जनता ने किसे अपना पार्षद चुना है।