जयपुर। जयपुर में शादी के नाम पर धोखाधड़ी का एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। आरोप है कि शादी करवाने के नाम पर एक युवक से 1.50 लाख रुपए लिए गए। कोर्ट में शादी का एग्रीमेंट होने के कुछ ही घंटे बाद युवती कार में बैठकर फरार हो गई। पीड़ित ने काफी समय तक युवती के लौटने का इंतजार किया और आरोपियों से संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन रकम लौटाने से भी इनकार कर दिया गया। इसके बाद कोर्ट के आदेश पर जामडोली थाने में मामला दर्ज करवाया गया है।

रिश्तेदार के जरिए बिचौलिए से हुई मुलाकात

जामडोली थाना पुलिस के हेड कॉन्स्टेबल मुकेश कुमार के अनुसार आगरा रोड निवासी 40 वर्षीय व्यक्ति ने शिकायत दर्ज करवाई है। पीड़ित ने बताया कि वह शादी नहीं होने के कारण परेशान था। मई 2026 में उसका एक रिश्तेदार उससे मिलने आया।

रिश्तेदार ने बताया कि उसकी भी शादी नहीं हो रही थी, लेकिन उसके परिचित विनोद ने पैसे लेकर उसकी शादी करवा दी थी। इसके बाद रिश्तेदार ने पीड़ित की मुलाकात विनोद से करवाई।

आरोप है कि विनोद ने शादी करवाने के बदले 1.50 लाख रुपए की मांग की। 26 मई 2026 को वह अपनी पत्नी और दो अन्य युवतियों के साथ पीड़ित के घर पहुंचा। दोनों युवतियों को बिहार की रहने वाली बताया गया।

पसंद की लड़की से शादी का सौदा

विनोद ने पीड़ित से कहा कि वह दोनों युवतियों में से किसी एक को पसंद कर सकता है और उसी से उसकी शादी करवा दी जाएगी। पीड़ित ने एक युवती को पसंद कर लिया। इसके बाद तय रकम के मुताबिक उसने विनोद को 1.50 लाख रुपए दे दिए।

विनोद ने इसके बाद 26 मई को कोर्ट मैरिज कराने के नाम पर पीड़ित को जयपुर कलेक्ट्रेट बुलाया। यहां 500 रुपए के स्टाम्प पर शादी का एग्रीमेंट तैयार करवाकर दोनों के हस्ताक्षर करवाए गए।

कोर्ट मैरिज नहीं हुई तो दिया शपथ-पत्र

शिकायत के मुताबिक जब कोर्ट मैरिज नहीं हुई तो पीड़ित को 50 रुपए का शपथ-पत्र दिया गया। आरोपियों ने कहा कि एक-दो दिन में आर्य समाज में विधिवत शादी करवा दी जाएगी और शादी का प्रमाण-पत्र भी उपलब्ध कराया जाएगा।

पीड़ित को विश्वास दिलाने के लिए युवती को उसके साथ घर भेज दिया गया।

शाम को कार आई और युवती हो गई फरार

पीड़ित के अनुसार उसी दिन शाम करीब 5 बजे उसके घर के बाहर एक स्विफ्ट कार आकर रुकी। युवती घर से बाहर निकली और कार में बैठ गई। पीड़ित ने कार का काफी दूर तक पीछा किया, लेकिन कार सवार आरोपी तेज गति से वाहन लेकर फरार हो गए।

इसके बाद पीड़ित ने काफी समय तक युवती के वापस आने का इंतजार किया। जब वह नहीं लौटी तो उसने शादी करवाने वाले लोगों से संपर्क किया। आरोप है कि उन्होंने लगातार टालमटोल की और पैसे वापस करने से भी इनकार कर दिया।

कोर्ट के आदेश पर दर्ज हुआ मामला

धोखे का एहसास होने के बाद पीड़ित ने कोर्ट की शरण ली। कोर्ट के आदेश के बाद शनिवार को जामडोली थाने में कथित जालसाज गैंग के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।

पुलिस अब पूरे मामले की जांच कर रही है। जांच में यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि शादी करवाने के नाम पर कितने लोगों से इस तरह की ठगी की गई और इस कथित गैंग में कौन-कौन लोग शामिल हैं।