जैसलमेर। शहर के जोधपुर रोड स्थित थीम पार्क के पास शुक्रवार को उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब शराब के नशे में एक मजदूर हाइटेंशन बिजली लाइन के टावर पर चढ़ गया। युवक टावर पर चढ़कर बिजली की तारों के बीच झूलने लगा, जिससे मौके पर मौजूद लोगों की सांसें थम गईं। सूचना मिलते ही विद्युत विभाग ने तुरंत संबंधित लाइन की बिजली सप्लाई बंद करवाई, जिससे बड़ा हादसा टल गया। करीब एक घंटे तक चले रेस्क्यू के बाद पुलिस ने समझाइश कर युवक को सुरक्षित नीचे उतार लिया।

कोतवाली थानाधिकारी सुरजाराम जाखड़ ने बताया कि युवक की पहचान कमलेश (45) पुत्र मनु वर्मन, निवासी कुंडनपुर पटेल, जिला दमोह (मध्यप्रदेश) के रूप में हुई है। प्रारंभिक जांच में सामने आया कि वह शराब के नशे में था और इसी हालत में हाइटेंशन टावर पर चढ़ गया। सूचना मिलते ही पुलिस और विद्युत विभाग की टीम मौके पर पहुंची और एहतियात के तौर पर बिजली सप्लाई बंद करवाई गई।

राहगीरों की सतर्कता से टला बड़ा हादसा

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, कमलेश को टावर पर चढ़ते देख लोगों ने तुरंत पुलिस और विद्युत विभाग को सूचना दी। बिजली बंद होने के बाद भी युवक काफी देर तक टावर पर ही बैठा रहा और तारों के बीच झूलता रहा। इस दौरान बड़ी संख्या में लोग मौके पर जमा हो गए। पुलिस ने भीड़ को दूर रखते हुए रेस्क्यू अभियान शुरू किया।

एक घंटे तक चली समझाइश

करीब एक घंटे तक पुलिस अधिकारी लगातार युवक से बातचीत करते रहे। उसे शांत रहने और सुरक्षित नीचे उतरने के लिए समझाया गया। काफी मशक्कत के बाद युवक नीचे उतरने को तैयार हुआ। नीचे आने के बाद उसे प्राथमिक उपचार के लिए भेजा गया और फिर कोतवाली थाने लाकर उससे पूछताछ शुरू की गई। पुलिस ने बताया कि उसके खिलाफ संबंधित धाराओं में कानूनी कार्रवाई की जा रही है।

ठेकेदार के मुनीम से विवाद की बात आई सामने

पुलिस के अनुसार, कमलेश जैसलमेर में गुलशन कंपनी के लिए प्लास्टर का काम करता है। शुरुआती जानकारी में सामने आया है कि उसका ठेकेदार के मुनीम से किसी बात को लेकर विवाद चल रहा था। बताया जा रहा है कि वह मानसिक और आर्थिक तनाव से परेशान था और इसी वजह से शराब पीने के बाद टावर पर चढ़ गया। हालांकि पुलिस इस दावे की भी जांच कर रही है और सभी पहलुओं से मामले की पड़ताल की जा रही है।

पुलिस की अपील

पुलिस ने लोगों से अपील की है कि किसी भी मानसिक तनाव या विवाद की स्थिति में ऐसा खतरनाक कदम न उठाएं। हाइटेंशन लाइन और बिजली के टावरों के पास जाना भी जानलेवा साबित हो सकता है। समय रहते बिजली सप्लाई बंद कराए जाने और पुलिस की सूझबूझ से इस घटना में एक बड़ा हादसा टल गया।