राजस्थान में भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई जारी है। गुरुवार को भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) ने जयपुर नगर निगम में ट्रैप कार्रवाई करते हुए पट्टा संबंधी काम के बदले रिश्वत लेने वाले एक जमादार को रंगे हाथों गिरफ्तार किया।
पट्टा बनवाने के नाम पर मांगी थी रिश्वत
एसीबी के महानिदेशक गोविंद गुप्ता ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी रामसिंह यादव (28), सीकर जिले के श्रीमाधोपुर का निवासी है और जयपुर नगर निगम के हवामहल-आमेर जोन की पट्टा/लीज शाखा में जमादार के पद पर कार्यरत है।
परिवादी ने एसीबी को शिकायत दी थी कि उसके पिता के नाम का पट्टा लंबे समय से नगर निगम में लंबित है। आरोप है कि काम करवाने के बदले आरोपी लगातार रिश्वत की मांग कर रहा था।
2 लाख रुपये की डिमांड, 50 हजार लेते पकड़ा गया
शिकायत के अनुसार आरोपी ने पट्टा जारी कराने के एवज में 2 लाख रुपये की रिश्वत मांगी थी। शिकायत का सत्यापन करने के बाद एसीबी ने ट्रैप की योजना बनाई।
गुरुवार दोपहर परिवादी को रिश्वत की पहली किश्त के रूप में 50 हजार रुपये लेकर भेजा गया। जैसे ही आरोपी ने रिश्वत की राशि स्वीकार की, पहले से मौजूद एसीबी टीम ने उसे रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया।
पूछताछ जारी
एसीबी फिलहाल आरोपी से पूछताछ कर रही है। जांच में यह भी पता लगाया जा रहा है कि इस मामले में कोई अन्य कर्मचारी या अधिकारी भी शामिल था या नहीं। मामले में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।