अलवर/कोटा। केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी बुधवार को राजस्थान पहुंचे, जहां उन्होंने दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे का निरीक्षण शुरू किया। अलवर जिले के पिनान रेस्ट एरिया पहुंचकर गडकरी ने राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) के अधिकारियों से एक्सप्रेसवे की प्रगति, निर्माण गुणवत्ता और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर विस्तृत चर्चा की।

इस दौरे का सबसे अहम पहलू हाल ही में दौसा के पास हुए भीषण सड़क हादसे से जुड़ा है। यहां बस और ट्रेलर की टक्कर में 8 लोगों की मौत हो गई थी। जानकारी के अनुसार गडकरी स्वयं दुर्घटनास्थल का निरीक्षण कर सकते हैं, ताकि हादसे के वास्तविक कारणों का पता लगाया जा सके और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए आवश्यक कदम उठाए जा सकें। बताया जा रहा है कि केंद्रीय मंत्री इस मामले को गंभीरता से ले रहे हैं और मौके पर जाकर सड़क की स्थिति, सुरक्षा मानकों और ट्रैफिक व्यवस्था का आकलन करेंगे।

दौरे से पहले सड़क को चमकाने में जुटे अधिकारी

गडकरी के दौरे से पहले NHAI के अधिकारी और निर्माण एजेंसियां एक्सप्रेसवे को दुरुस्त करने में दिन-रात लगी रहीं। खासतौर पर दिल्ली से कोटा की ओर जाने वाली लेन पर सफाई, पेंटिंग, मरम्मत और अन्य रखरखाव कार्य तेजी से किए गए ताकि निरीक्षण के दौरान सड़क पूरी तरह व्यवस्थित दिखाई दे।

हालांकि दूसरी ओर, कोटा से दिल्ली जाने वाली लेन पर कई स्थानों पर गड्ढे और अन्य कमियां बनी रहीं। स्थानीय लोगों का कहना है कि अधिकारियों ने केवल उसी मार्ग पर विशेष ध्यान दिया, जहां से केंद्रीय मंत्री का काफिला गुजरने वाला था।

लबान इंटरचेंज से दरा टनल तक होगा निरीक्षण

निरीक्षण कार्यक्रम के तहत नितिन गडकरी, लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला और राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे के लबान इंटरचेंज से दरा टनल तक सड़क का जायजा लेंगे।

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा हेलिकॉप्टर के माध्यम से लबान इंटरचेंज पहुंचेंगे, जबकि लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला सड़क मार्ग से वहां पहुंचेंगे। दोपहर करीब 3:30 बजे तीनों नेता संयुक्त रूप से निरीक्षण शुरू करेंगे और निर्माण कार्य, सड़क सुरक्षा, सुविधाओं तथा ट्रैफिक प्रबंधन का अवलोकन करेंगे।

गोपालपुरा में होगी आमसभा

निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार शाम करीब 5:30 बजे प्रतिनिधिमंडल दरा टनल पहुंचेगा। इसके बाद शाम 6:30 बजे एक्सप्रेसवे के समीप गोपालपुरा में आयोजित आमसभा को केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी, मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा और लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला संबोधित करेंगे। इस दौरान एक्सप्रेसवे परियोजना, क्षेत्रीय विकास और सड़क अवसंरचना से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर भी चर्चा होने की संभावना है।

सुरक्षा और गुणवत्ता पर रहेगा फोकस

दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे देश की सबसे महत्वाकांक्षी सड़क परियोजनाओं में शामिल है। हालिया सड़क हादसे के बाद इस परियोजना की सुरक्षा व्यवस्था और निर्माण गुणवत्ता पर सवाल उठे हैं। ऐसे में केंद्रीय मंत्री का यह दौरा न केवल निर्माण कार्य की समीक्षा के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है, बल्कि सड़क सुरक्षा के मानकों को और बेहतर बनाने की दिशा में भी अहम कदम माना जा रहा है।