राजस्थान में पंचायत और नगर निकाय चुनावों को लेकर राजनीतिक और प्रशासनिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। जहां राज्य निर्वाचन आयोग हाईकोर्ट के आदेश की पालना करते हुए समय पर चुनाव कराने के लिए राज्य सरकार से सहयोग मांग रहा है, वहीं राज्य सरकार अनुसूचित जाति (एससी), अनुसूचित जनजाति (एसटी), अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) और महिला आरक्षण तय किए बिना चुनाव कराने में असमर्थता जता चुकी है।

इसी बीच राजस्थान वित्त आयोग के अध्यक्ष अरुण चतुर्वेदी ने बड़ा बयान देते हुए कहा है कि राज्य सरकार 'एक राज्य, एक चुनाव' के संकल्प को पूरा करने के लिए अक्टूबर से दिसंबर 2026 के बीच हर हाल में पंचायत और निकाय चुनाव संपन्न करा लेगी। शनिवार को भीलवाड़ा में मीडिया से बातचीत के दौरान उन्होंने कहा कि चुनाव कराने के लिए ओबीसी आयोग और राज्य सरकार युद्धस्तर पर समन्वय के साथ कार्य कर रहे हैं।

उन्होंने विपक्ष के आरोपों का जवाब देते हुए कहा कि पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में भी स्थानीय निकाय चुनाव करीब ढाई वर्ष तक टाले गए थे। ऐसे में वर्तमान सरकार पर लगाए जा रहे आरोप निराधार हैं।

आयोग ने सरकार को भेजा पत्र

राज्य निर्वाचन आयोग ने 31 जुलाई तक चुनाव कराने की मंशा के साथ राज्य सरकार को पत्र लिखकर एससी, एसटी, ओबीसी और महिला वर्ग के आरक्षण निर्धारण की प्रक्रिया जल्द पूरी करने का आग्रह किया है। आयोग का कहना है कि न्यायालय के निर्देशों के अनुसार यदि ओबीसी आरक्षण का मामला लंबित भी रहे, तब भी चुनाव कार्यक्रम घोषित करने के लिए एससी, एसटी और महिला आरक्षण तय होना जरूरी है।

आयोग ने यह भी स्पष्ट किया है कि आरक्षण निर्धारण के लिए लॉटरी प्रक्रिया आयोजित करने का अधिकार राज्य सरकार के पास ही है।

स्थानीय निकायों को आत्मनिर्भर बनाने पर जोर

अरुण चतुर्वेदी ने कहा कि राजस्थान वित्त आयोग स्थानीय निकायों और पंचायती राज संस्थाओं को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने के लिए गंभीरता से कार्य कर रहा है। इसके लिए विभिन्न स्तरों पर अध्ययन किया जा रहा है और विशेषज्ञों तथा आमजन से सुझाव आमंत्रित किए जा रहे हैं, ताकि विकास योजनाओं को अधिक प्रभावी बनाया जा सके।

उन्होंने कहा कि राज्य सरकार के शहरी विकास शिविरों का उद्देश्य समाज के अंतिम व्यक्ति तक सरकारी योजनाओं और सेवाओं का लाभ पहुंचाना है। इसी सोच के तहत विभिन्न विभागों को एक ही छत के नीचे लाकर लोगों को त्वरित राहत देने का प्रयास किया जा रहा है।

खाली पद जल्द भरने का आश्वासन

वित्त आयोग अध्यक्ष ने भरोसा दिलाया कि नगर विकास न्यास सहित विभिन्न सरकारी विभागों में लंबे समय से रिक्त पड़े पदों को स्थानांतरण प्रक्रिया के माध्यम से जल्द भरा जाएगा, जिससे आमजन के कार्यों में अनावश्यक देरी नहीं हो।

केंद्र सरकार के 12 वर्षों के कार्यकाल का किया उल्लेख

इस अवसर पर अरुण चतुर्वेदी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र की एनडीए सरकार के 12 वर्षों के कार्यकाल और उसकी उपलब्धियों का भी उल्लेख किया। कार्यक्रम में विधायक अशोक कोठारी, भाजपा जिलाध्यक्ष प्रशांत मेवाड़ा, पूर्व महापौर राकेश पाठक सहित कई जनप्रतिनिधि और पार्टी पदाधिकारी उपस्थित रहे।