राजस्थान सरकार की ओर से शुक्रवार को जारी पटवारियों की तबादला सूची में एक बड़ी प्रशासनिक चूक सामने आई है। ट्रांसफर सूची में रिटायर्ड सैनिक एवं पटवारी नरेंद्र सिंह के स्थान पर डीग-कुम्हेर विधायक शैलेश दिगम्बर सिंह का नाम दर्ज हो गया। इस गलती के कारण संबंधित पटवारी फिलहाल अपने नए पदस्थापन स्थल पर कार्यभार ग्रहण नहीं कर पा रहे हैं।

यह मामला सामने आने के बाद राजस्व विभाग में ट्रांसफर सूची की तैयारी और उसकी जांच प्रक्रिया को लेकर सवाल उठने लगे हैं। विभागीय गलियारों में इस चूक की चर्चा जोरों पर है और इसे सरकारी दस्तावेजों में लापरवाही का बड़ा उदाहरण माना जा रहा है।

बालोतरा से डीग होना था पटवारी का तबादला

जानकारी के अनुसार, पटवारी नरेंद्र सिंह का स्थानांतरण बालोतरा जिले के नवोडा को बेरा पाटोदा से डीग जिले के सोनगांव किया गया था। हालांकि ट्रांसफर आदेश तैयार करते समय टाइपिंग में गलती हो गई और नरेंद्र सिंह के स्थान पर डीग-कुम्हेर विधायक शैलेश दिगम्बर सिंह का नाम दर्ज हो गया।

इस तकनीकी त्रुटि के कारण संबंधित पटवारी का स्थानांतरण आदेश प्रभावी नहीं हो पा रहा है और वे नए स्थान पर जॉइन नहीं कर सके हैं।

विभाग जल्द जारी कर सकता है संशोधित आदेश

सूत्रों के अनुसार यह पूरी तरह टाइपिंग एरर का मामला है। राजस्व विभाग जल्द ही संशोधित आदेश (कोरिजेंडम) जारी कर इस गलती को सुधार सकता है, ताकि संबंधित पटवारी को सही स्थानांतरण आदेश मिल सके और वे कार्यभार ग्रहण कर सकें।

विधायक के पीए ने की पुष्टि

मामले को लेकर विधायक शैलेश दिगम्बर सिंह से संपर्क करने की कोशिश की गई, लेकिन उन्होंने फोन रिसीव नहीं किया। उनके निजी सहायक (पीए) रुपेश कंसल ने बताया कि विधायक का नाम गलती से ट्रांसफर सूची में शामिल हो गया है। उन्होंने इसे स्पष्ट रूप से टाइपिंग की भूल बताया।

जांच प्रक्रिया पर उठे सवाल

एक विधायक का नाम पटवारियों की ट्रांसफर सूची में शामिल होने से सरकारी दस्तावेजों की जांच और सत्यापन प्रक्रिया पर भी सवाल खड़े हो गए हैं। लोगों का कहना है कि यदि आदेश जारी होने से पहले सूची का सही तरीके से मिलान किया जाता, तो इस तरह की गलती से बचा जा सकता था। अब सभी की नजर राजस्व विभाग द्वारा जारी किए जाने वाले संशोधित आदेश पर टिकी हुई है।