राजस्थान के जैसलमेर में भारत-पाकिस्तान सीमा के पास बुधवार रात को सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) ने एक संदिग्ध युवक को हिरासत में लिया। पकड़े गए युवक की पहचान लालचंद शेख (30) के रूप में हुई, जो पश्चिम बंगाल के वर्धमान जिले का निवासी है। प्रारंभिक पूछताछ में उसने खुलासा किया कि वह पाकिस्तान के रास्ते सऊदी अरब जाने की कोशिश कर रहा था, जहां उसका भाई मजदूरी करता है। संयुक्त जांच कमेटी गुरुवार से लगातार उससे पूछताछ कर रही है।

कैसे पकड़ा गया लालचंद?

बुधवार शाम को बीएसएफ ने जैसलमेर के पोछिना क्षेत्र में अंतरराष्ट्रीय सीमा से 15 किलोमीटर दूर लालचंद को संदिग्ध गतिविधियों के कारण हिरासत में लिया। पूछताछ में वह सीमा क्षेत्र में अपनी मौजूदगी का संतोषजनक जवाब नहीं दे सका, जिसके बाद उसे म्याजलार पुलिस को सौंप दिया गया। लालचंद ने बताया कि उसने सऊदी अरब जाने के लिए वीजा आवेदन किया था, लेकिन वीजा न मिलने पर उसने अवैध रूप से पाकिस्तान के रास्ते सऊदी अरब जाने का प्लान बनाया।

सूत्रों के अनुसार, लालचंद करीब 10 दिन पहले अपने घर से निकला था। वह पहले अजमेर पहुंचा और फिर वहां से जैसलमेर आया। उसे किसी ने गलत सलाह दी थी कि वह जैसलमेर सीमा पार करके पाकिस्तान के रास्ते सऊदी अरब जा सकता है। हालांकि, बीएसएफ की सतर्कता के कारण वह अपने मंसूबों में कामयाब नहीं हो सका।

सुरक्षा एजेंसियों की सतर्कता और पूछताछ

ऑपरेशन सिंदूर के बाद से राजस्थान से लगने वाली भारत-पाकिस्तान सीमा पर सुरक्षा एजेंसियां बेहद सतर्क हैं। सीमावर्ती क्षेत्रों में संदिग्ध गतिविधियों पर कड़ी नजर रखी जा रही है। लालचंद से संयुक्त जांच कमेटी में बीएसएफ, पुलिस और अन्य खुफिया एजेंसियां लगातार पूछताछ कर रही हैं। सुरक्षा एजेंसियों ने पश्चिम बंगाल में लालचंद के परिजनों से भी संपर्क किया है ताकि उसकी पृष्ठभूमि और इरादों की गहराई से जांच की जा सके।

लालचंद ने पूछताछ में बताया कि वह सऊदी अरब में अपने भाई के साथ काम करना चाहता था। वीजा न मिलने से परेशान होकर उसने यह खतरनाक रास्ता चुना। हालांकि, सुरक्षा एजेंसियां उसके दावों की सत्यता की जांच कर रही हैं ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि उसका कोई अन्य मकसद तो नहीं था।

सीमा पर बढ़ती जासूसी गतिविधियां

हाल के महीनों में राजस्थान-पाकिस्तान सीमा पर जासूसी और संदिग्ध गतिविधियों के कई मामले सामने आए हैं। कुछ उल्लेखनीय घटनाएं:

  • 26 मार्च 2025: राजस्थान इंटेलिजेंस ने चांधन फील्ड फायरिंग रेंज के पास करमों की ढाणी निवासी पठान खान को ऑफिशियल सीक्रेट एक्ट के तहत गिरफ्तार किया।

  • 28 मई 2025: पाकिस्तान के लिए जासूसी के आरोप में कांग्रेस के पूर्व मंत्री सालेह मोहम्मद के निजी सहायक रहे शकूर खान को हिरासत में लिया गया और बाद में 3 जून को गिरफ्तार किया गया।

  • 4 अगस्त 2025: जैसलमेर में डीआरडीओ के गेस्ट हाउस मैनेजर महेंद्र प्रसाद को भारतीय सेना की खुफिया जानकारी पाकिस्तानी हैंडलर को भेजने के आरोप में पकड़ा गया।

जासूसों द्वारा साझा की जाने वाली संवेदनशील जानकारी

विशेषज्ञों के अनुसार, युद्ध के समय छोटी-छोटी जानकारियां भी दुश्मन देश के लिए महत्वपूर्ण हो सकती हैं। जासूस आमतौर पर निम्नलिखित जानकारियां साझा करते हैं:

  • सेना की गतिविधियां: सैन्य मूवमेंट, ठिकाने, सैन्य संरचना, तैनाती, फेंसिंग, और बीओपी की लोकेशन, फोटो, और अन्य विवरण।

  • निर्माण कार्य: सीमावर्ती क्षेत्रों में सड़कों, अंडर ब्रिज, ओवर ब्रिज, और सैन्य निर्माण की जानकारी।

  • अन्य संवेदनशील स्थान: आर्मी क्षेत्र में स्कूल, हॉस्टल, प्रशासनिक भवन, और मोबाइल टावरों की लोकेशन और तस्वीरें।