बालोतरा। जिले में वन्यजीव शिकार का एक मामला सामने आया है। कोलू क्षेत्र में हिरण का शिकार कर बाइक से भाग रहे तीन आरोपियों को ग्रामीणों और वन्यजीव प्रेमियों ने साहस दिखाते हुए बोलेरो से पीछा कर पकड़ लिया। सूचना मिलने पर वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और तीनों आरोपियों को डिटेन कर लिया। उनके कब्जे से हिरण के अवशेष (मांस), शिकार में इस्तेमाल होने वाली टॉर्च, कटर, बाइक सहित अन्य सामान बरामद किया गया है। वन विभाग ने आरोपियों के खिलाफ वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत कार्रवाई शुरू कर दी है।

घटना बुधवार देर रात कोलू और कानोड़ रोड के बीच की है। जानकारी के अनुसार कुछ लोग रात के अंधेरे में टॉर्च की रोशनी का इस्तेमाल कर हिरण का शिकार कर रहे थे। इस दौरान आसपास के ग्रामीणों और वन्यजीव प्रेमियों को इसकी भनक लग गई। उन्होंने तुरंत शिकारियों को पकड़ने का प्रयास किया, लेकिन आरोपी बाइक पर सवार होकर मौके से भाग निकले।

इसके बाद ग्रामीणों ने हिम्मत दिखाते हुए बोलेरो वाहन से आरोपियों का पीछा किया। कुछ दूरी तक पीछा करने के बाद कानोड़ रोड पर तीनों को पकड़ लिया गया। ग्रामीणों ने तत्काल बायतु वन विभाग की टीम को सूचना दी, जिसके बाद अधिकारी मौके पर पहुंचे और तीनों को हिरासत में ले लिया।

बायतु रेंज के रेंजर रूपाराम ने बताया कि डिटेन किए गए आरोपियों की पहचान पनावड़ा गांव निवासी धमाराम, जुझाराम और प्रहलादराम के रूप में हुई है। आरोपियों के पास से हिरण का मांस, शिकार में इस्तेमाल की जाने वाली टॉर्च, कटर, बाइक और अन्य उपकरण बरामद किए गए हैं। हिरण के शव का पोस्टमार्टम कराया जाएगा, ताकि मौत के कारणों और शिकार की पुष्टि की जा सके।

वन विभाग ने तीनों आरोपियों से पूछताछ शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि मामले की गहन जांच की जा रही है और आरोपियों के खिलाफ वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत कानूनी कार्रवाई की जा रही है। साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि आरोपी पहले भी वन्यजीव शिकार की घटनाओं में शामिल रहे हैं या नहीं।

इस घटना में ग्रामीणों और वन्यजीव प्रेमियों की सतर्कता और सक्रियता से शिकारियों को समय रहते पकड़ लिया गया, जिससे वन्यजीव संरक्षण के प्रति स्थानीय लोगों की जागरूकता भी सामने आई।