जयपुर पुलिस ने ऑनलाइन गेमिंग आईडी के जरिए साइबर फ्रॉड करने वाली एक गैंग का भंडाफोड़ करते हुए तीन बदमाशों को गिरफ्तार किया है। आरोपी लोगों को ऑनलाइन गेमिंग के माध्यम से मोटी कमाई का लालच देकर अपने जाल में फंसाते थे।

पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी सोशल मीडिया के जरिए युवाओं को अपने पोर्टल से जोड़ते थे और उन्हें गेमिंग आईडी लेने के लिए प्रेरित करते थे। इसके बाद गेम खेलने वालों से हारने और जीतने दोनों ही स्थितियों में ठगी की जाती थी।

डीसीपी (ईस्ट) रंजीता शर्मा के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों की पहचान हरफूल यादव (33), निवासी खंडेला सीकर, राजेंद्र कुमार रुलानियां (23), निवासी जाजोद सीकर और विजेंद्र कुमार (35), निवासी गुढ़ागौड़जी झुंझुनूं के रूप में हुई है।

पुलिस ने आरोपियों के पास से एक लैपटॉप, टैबलेट, 5 मोबाइल फोन, 8 सिम कार्ड, 5 डेबिट कार्ड, 2 चेकबुक, 6 रजिस्टर और वाईफाई राउटर बरामद किए हैं।

एडिशनल डीसीपी (ईस्ट) आलोक सिंघल ने बताया कि रामनगरिया थाना पुलिस को सूचना मिली थी कि जगतपुरा स्थित एक रेजिडेंसी में कुछ लोग ऑनलाइन गेमिंग के नाम पर साइबर फ्रॉड कर रहे हैं। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने दबिश देकर तीनों आरोपियों को मौके से गिरफ्तार किया।

जांच में यह भी सामने आया है कि गिरोह अलग-अलग लोगों के नाम पर जारी सिम कार्ड और बैंक खातों का इस्तेमाल करता था, ताकि उनकी पहचान छिपी रहे। आरोपी ऑनलाइन गेमिंग पैनल में हारने वाले खिलाड़ियों के पैसे अपने पास रख लेते थे और जीतने वालों की आईडी ब्लॉक कर रकम हड़प लेते थे।

फिलहाल पुलिस गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ कर रही है और पूरे नेटवर्क की जांच में जुटी है।