देवशयनी एकादशी पर खाटूश्यामजी में उमड़ी भक्तों की भारी भीड़

सीकर। देवशयनी एकादशी के पावन अवसर पर राजस्थान के प्रसिद्ध खाटूश्यामजी मंदिर में शनिवार को श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ पड़ा। सुबह से ही रींगस से लेकर खाटू धाम तक श्रद्धालु हाथों में निशान लेकर बाबा श्याम के जयकारे लगाते हुए पैदल यात्रा करते नजर आए। मंदिर परिसर पूरी तरह भक्तिमय माहौल में रंगा हुआ है, जहां हर ओर "हारे का सहारा, बाबा श्याम हमारा" के जयघोष गूंज रहे हैं।

मंदिर को इस विशेष अवसर पर आकर्षक फूलों, रंग-बिरंगी रोशनी और भव्य सजावट से सजाया गया है। रींगस श्याम मंदिर से लेकर खाटूश्यामजी मंदिर तक श्रद्धालुओं की लंबी कतारें देखने को मिल रही हैं।

VIP दर्शन नहीं, सभी श्रद्धालुओं के लिए समान व्यवस्था

श्री श्याम मंदिर कमेटी ने इस बार दर्शन व्यवस्था को पूरी तरह व्यवस्थित और पारदर्शी बनाया है। कमेटी के मंत्री मानवेंद्र सिंह चौहान ने बताया कि मंदिर में किसी भी प्रकार की वीआईपी दर्शन व्यवस्था नहीं रखी गई है।

सभी श्रद्धालुओं को 14 अलग-अलग कतारों के माध्यम से बाबा श्याम के दर्शन कराए जा रहे हैं। भीड़ और मौसम को ध्यान में रखते हुए छाया, पीने के पानी, पंखे, बिजली और चिकित्सा जैसी सभी आवश्यक सुविधाओं की व्यवस्था की गई है। सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल भी तैनात किया गया है।

निशान यात्रा के बाद हुई महाआरती, श्रद्धालुओं में बंटा प्रसाद

देवशयनी एकादशी के अवसर पर श्रद्धालु बड़ी संख्या में निशान यात्रा निकालते हुए खाटू धाम पहुंचे। तोरण द्वार से निशान यात्रा के प्रवेश के बाद मंदिर में विशेष महाआरती का आयोजन किया गया।

महाआरती के बाद बाबा को विशेष भोग अर्पित किया गया और उसके तुरंत बाद हजारों श्रद्धालुओं में प्रसाद वितरित किया गया। दर्शन करने पहुंचे भक्तों ने मंदिर प्रशासन की व्यवस्थाओं की सराहना करते हुए कहा कि भीड़ अधिक होने के बावजूद दर्शन सुचारु रूप से कराए जा रहे हैं।

देवशयनी एकादशी से शुरू हुआ चातुर्मास

मंदिर के पुजारियों के अनुसार, देवशयनी एकादशी से भगवान विष्णु क्षीरसागर में चार महीने की योग निद्रा में चले जाते हैं। इसी दिन से चातुर्मास की शुरुआत मानी जाती है।

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, अब अगले चार महीने तक विवाह, गृह प्रवेश, मुंडन, सगाई और अन्य मांगलिक कार्य नहीं किए जाते। ये सभी शुभ कार्य देवउठनी एकादशी के बाद पुनः प्रारंभ होंगे।

मुख्य सचिव वी. श्रीनिवासन करेंगे विकास कार्यों की समीक्षा

धार्मिक आयोजन के बीच प्रशासनिक स्तर पर भी आज का दिन महत्वपूर्ण माना जा रहा है। राजस्थान के मुख्य सचिव वी. श्रीनिवासन भी खाटूश्यामजी मंदिर पहुंचेंगे। वे बाबा श्याम के दर्शन और पूजा-अर्चना के बाद मंदिर क्षेत्र में केंद्र और राज्य सरकार की विभिन्न विकास परियोजनाओं का निरीक्षण करेंगे।

मुख्य सचिव श्रद्धालुओं की सुविधाओं को बेहतर बनाने के उद्देश्य से चल रहे विकास कार्यों की समीक्षा करेंगे और संबंधित अधिकारियों के साथ आवश्यक दिशा-निर्देश भी साझा करेंगे।

भक्तिमय माहौल में गूंज रहे बाबा श्याम के जयकारे

देवशयनी एकादशी पर खाटू धाम पूरी तरह भक्तिमय रंग में रंगा नजर आ रहा है। दूर-दराज के राज्यों से पहुंचे श्रद्धालु निशान यात्रा, भजन-कीर्तन और बाबा श्याम के दर्शन कर स्वयं को धन्य महसूस कर रहे हैं। मंदिर प्रशासन का दावा है कि श्रद्धालुओं की संख्या लगातार बढ़ रही है, लेकिन सभी व्यवस्थाएं सुचारु रूप से संचालित की जा रही हैं।