भरतपुर जिले के बयाना नगर पालिका कार्यालय में शुक्रवार को आयोजित समीक्षा बैठक उस समय विवादों में घिर गई, जब विधायक ऋतु बनावत और नगर पालिका की एग्जिक्यूटिव ऑफिसर (EO) अनीता कुशवाह के बीच तीखी बहस हो गई। मामला इतना बढ़ गया कि बातचीत के दौरान दोनों पक्षों में तू-तड़ाक तक की स्थिति बन गई। बाद में शिकायत के आधार पर स्वायत्त शासन विभाग (DLB) ने EO अनीता कुशवाह को निलंबित कर दिया।

जानकारी के अनुसार विधायक ऋतु बनावत नगर पालिका के कार्यों की समीक्षा करने के लिए बैठक लेने पहुंची थीं। इस दौरान उन्होंने सफाई व्यवस्था और नगर पालिका के टेंडर से जुड़े मामलों पर अधिकारियों से सवाल किए।

बैठक के दौरान मौजूद EO के भतीजे नितिन कुशवाह ने बीच में हस्तक्षेप करते हुए कहा कि अच्छे कामों की कोई तारीफ नहीं करता। इस पर विधायक ने उनकी पहचान पूछी और कहा कि अधिकारियों की बैठक में बीच में हस्तक्षेप नहीं किया जाए।

इसी बात को लेकर माहौल गरमा गया। EO अनीता कुशवाह ने अपने भतीजे का पक्ष लेते हुए विधायक से आपत्ति जताई। इसके बाद दोनों के बीच तीखी नोकझोंक हो गई। मौके पर मौजूद लोगों ने बीच-बचाव कर मामला शांत कराया।

सफाई टेंडर पर उठे सवाल

बैठक में विधायक ने नगर पालिका के सफाई ठेकों को लेकर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि बार-बार एक ही कंपनी को ठेका दिए जाने के मामले की जांच होनी चाहिए। विधायक ने यह भी पूछा कि क्या इसमें किसी प्रकार की अनियमितता या कमीशन का मामला है।

AC चोरी मामले पर भी जताई नाराजगी

विधायक ने सरकारी अस्पताल के सामने स्थित सुलभ कॉम्प्लेक्स से एसी चोरी होने के मामले पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि घटना को दो महीने बीत चुके हैं, लेकिन अब तक एफआईआर तक दर्ज नहीं करवाई गई है। इस पर EO ने जांच कराने की बात कही।

मंत्री और अधिकारियों से की शिकायत

विधायक ऋतु बनावत ने आरोप लगाया कि बैठक के दौरान EO ने उनके साथ अभद्र व्यवहार किया। उन्होंने इसकी शिकायत स्वायत्त शासन मंत्री झाबर सिंह खर्रा, भरतपुर कलेक्टर और संभागीय आयुक्त से की।

शिकायत के बाद देर रात स्वायत्त शासन विभाग ने EO अनीता कुशवाह को निलंबित करने के आदेश जारी कर दिए।

फिलहाल पूरे घटनाक्रम को लेकर राजनीतिक और प्रशासनिक गलियारों में चर्चा तेज है।