बाड़मेर। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) की ओर से गुरुवार देर रात घोषित किए गए NEET-UG 2026 के परिणाम में बाड़मेर की छात्रा अनीषा चौधरी ने शानदार सफलता हासिल की है। थर्ड ग्रेड शिक्षक हनुमानराम की बेटी अनीषा ने 625 अंक प्राप्त करते हुए ऑल इंडिया रैंक (AIR) 4141 हासिल की है। अनीषा की इस उपलब्धि से परिवार, शिक्षकों और पूरे जिले में खुशी का माहौल है।
अनीषा ने अपनी सफलता का श्रेय नियमित पढ़ाई, लगातार रिवीजन और शिक्षकों के मार्गदर्शन को दिया। उन्होंने बताया कि NEET पेपर लीक की घटना के बाद उनका मनोबल कुछ समय के लिए जरूर टूट गया था। री-एग्जाम की तैयारी करना मानसिक रूप से आसान नहीं था, लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी और पूरे आत्मविश्वास के साथ दोबारा परीक्षा दी।
अनीषा ने कहा, "पेपर लीक होने के बाद लगा कि फिर से पूरी तैयारी करनी पड़ेगी। शुरुआत में निराशा हुई, लेकिन मैंने खुद को संभाला और दोबारा मेहनत शुरू की। इस बार पहले की तुलना में नंबर थोड़े कम आए, क्योंकि पेपर का स्तर अच्छा था, लेकिन मेरी रैंक काफी अच्छी रही।"
उन्होंने बताया कि क्लासरूम में कई बार सवाल पूछने में झिझक होती थी। ऐसे में वह लाइब्रेरी में जाकर अपनी शंकाओं का समाधान करवाती थीं। उनका मानना है कि नियमित अभ्यास और समय पर डाउट क्लियर करना सफलता की सबसे बड़ी कुंजी है।
बाड़मेर के 16 विद्यार्थियों का चयन
बाड़मेर के सक्सेस पॉइंट संस्थान ने भी इस बार बेहतरीन प्रदर्शन किया है। संस्थान के कुल 16 विद्यार्थियों का NEET-UG 2026 में चयन हुआ है। इनमें 8 विद्यार्थी नियमित क्लासरूम और 8 टेस्ट सीरीज से जुड़े हुए थे।
नीलेश व्यास ने भी बनाई जगह
संस्थान के छात्र नीलेश व्यास ने ऑल इंडिया रैंक 11461 हासिल की। उन्होंने बताया कि पिछली परीक्षा में उनके 645 अंक आए थे। री-नीट में रैंक बेहतर रही। नीलेश का कहना है कि सिर्फ पढ़ाई करना काफी नहीं है, बल्कि समय पर रिवीजन और नियमित टेस्ट देना भी उतना ही जरूरी है। यही रणनीति सफलता दिलाती है।
जिले के विद्यार्थियों में खुशी
री-नीट परीक्षा 21 जून को आयोजित हुई थी। बाड़मेर जिले में 8 परीक्षा केंद्रों पर तीन हजार से अधिक अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी थी। गुरुवार रात परिणाम घोषित होने के बाद सफल विद्यार्थियों और उनके परिवारों में खुशी का माहौल है। शिक्षा जगत के लोगों का कहना है कि इन छात्रों की सफलता जिले के अन्य विद्यार्थियों के लिए भी प्रेरणा बनेगी।