भारत की सार्वजनिक क्षेत्र की प्रमुख कोयला कंपनी कोल इंडिया लिमिटेड (Coal India) को नवीकरणीय ऊर्जा क्षेत्र में बड़ी सफलता मिली है। कंपनी ने ₹2,831 करोड़ का एक बड़ा सोलर EPC (Engineering, Procurement and Construction) कॉन्ट्रैक्ट हासिल किया है। यह परियोजना देश में सौर ऊर्जा क्षमता बढ़ाने और स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।

इस कॉन्ट्रैक्ट के तहत कोल इंडिया सोलर पावर प्रोजेक्ट की डिजाइनिंग, इंजीनियरिंग, उपकरणों की खरीद (Procurement), निर्माण (Construction), इंस्टॉलेशन, टेस्टिंग और कमीशनिंग का कार्य करेगी। परियोजना के पूरा होने के बाद संबंधित क्षेत्र में बड़े पैमाने पर स्वच्छ बिजली का उत्पादन संभव होगा।

 यह ऑर्डर कोल इंडिया की पारंपरिक कोयला आधारित पहचान से आगे बढ़कर ग्रीन एनर्जी में मजबूत उपस्थिति दर्ज कराने की रणनीति का हिस्सा है। कंपनी पिछले कुछ वर्षों से सौर और अन्य नवीकरणीय ऊर्जा परियोजनाओं में लगातार निवेश बढ़ा रही है ताकि भविष्य की ऊर्जा जरूरतों के अनुरूप अपने कारोबार का विस्तार किया जा सके।

यह परियोजना भारत सरकार के नेट-जीरो उत्सर्जन और नवीकरणीय ऊर्जा क्षमता बढ़ाने के लक्ष्य को भी गति देगी। सोलर EPC प्रोजेक्ट से रोजगार के नए अवसर पैदा होने के साथ-साथ ऊर्जा सुरक्षा को भी मजबूती मिलने की उम्मीद है।

 इतने बड़े ऑर्डर से कंपनी के ऑर्डर बुक में मजबूती आएगी और आने वाले समय में इसकी आय तथा ग्रीन एनर्जी पोर्टफोलियो को सकारात्मक समर्थन मिल सकता है। निवेशकों की भी इस घोषणा पर नजर बनी हुई है, क्योंकि कोल इंडिया अब कोयला कारोबार के साथ-साथ स्वच्छ ऊर्जा क्षेत्र में भी अपनी हिस्सेदारी तेजी से बढ़ा रही है।