राजस्थान के बाड़मेर जिले की सदर थाना पुलिस ने एक सनसनीखेज और अंधे कत्ल (Blind Murder Case) का पर्दाफाश करने में बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने अपने ही पति की हत्या की साजिश रचने वाली बेरहम पत्नी और उसके प्रेमी को सलाखों के पीछे पहुंचा दिया है।
जांच में सामने आया कि प्रेम प्रसंग के रास्ते में रोड़ा बनने के कारण पत्नी ने अपने प्रेमी के साथ मिलकर पति की बेरहमी से हत्या कर दी और सबूत मिटाने के लिए शव को पानी के टांके (Water Tank) में फेंक दिया था।
4 जून को मिला था शव, 11 दिन बाद खुला हत्या का राज
जिला पुलिस अधीक्षक चूनाराम जाट ने बताया कि 4 जून को महेशाराम नामक व्यक्ति ने पुलिस को सूचना दी थी कि उसके भाई तेजाराम का शव एक टांके में तैरता हुआ मिला है। शुरुआत में पुलिस ने मर्ग दर्ज कर मामले की जांच शुरू की। घटनास्थल के निरीक्षण, गवाहों के बयानों और तकनीकी साक्ष्यों (साइबर सेल) की मदद से पुलिस को मृतक की पत्नी नेतल देवी और गुमान सिंह की भूमिका संदिग्ध लगी।
इसी बीच 15 जून को मृतक के भाई महेशाराम ने फिर से रिपोर्ट दर्ज करवाई, जिसमें उसने सीधा आरोप लगाया कि उसके भाई तेजाराम की हत्या उसकी पत्नी नेतल देवी, प्रेमी गुमान सिंह और एक अन्य व्यक्ति ने मिलकर की है। इस पर पुलिस ने हत्या (IPC 302) और साक्ष्य मिटाने की धाराओं में मामला दर्ज कर कार्रवाई तेज कर दी।
जालोर में मजदूरी के दौरान चला था प्रेम प्रसंग का पता
पुलिस अनुसंधान में जो कहानी सामने आई, उसने सबको चौंका दिया:
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अवैध संबंध और झगड़ा: मृतक तेजाराम जालोर जिले के सुठाखोई क्षेत्र में मजदूरी करता था। इसी दौरान उसे अपनी पत्नी नेतल देवी और गुमान सिंह के लंबे समय से चल रहे अवैध संबंधों की भनक लग गई। इसके बाद पति-पत्नी के बीच आए दिन भारी विवाद और झगड़े होने लगे।
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बच्चों को लेकर बाड़मेर आई पत्नी: रोज-रोज के झगड़ों से तंग आकर नेतल देवी अपने बच्चों को लेकर बाड़मेर आ गई। कुछ समय बाद जब तेजाराम भी मजदूरी छोड़कर बाड़मेर पहुंचा, तो उसने प्रेमी गुमान सिंह को बुलाकर इस बारे में कड़ी पूछताछ की।
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खूनी अंत: इसी पूछताछ के दौरान तीनों के बीच विवाद इतना बढ़ गया कि गुमान सिंह और नेतल देवी ने मिलकर तेजाराम को रास्ते से हटाने का प्लान बनाया और उसकी हत्या कर दी। हत्या के बाद लाश को नौखड़ा-मालपुरा फांटा मार्ग के पास हुकमाणियों का खांथा ढाणी क्षेत्र में बने एक टांके में डाल दिया गया ताकि यह एक दुर्घटना या आत्महत्या का मामला लगे।
पुलिस टीम का एक्शन: पत्नी जेल में, प्रेमी रिमांड पर
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक नितेश आर्य और वृताधिकारी रमेश कुमार शर्मा के सुपरविजन में सदर थानाधिकारी करतार सिंह के नेतृत्व में एक विशेष टीम बनाई गई थी। इस टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दोनों आरोपियों गुमान सिंह और नेतल देवी को गिरफ्तार कर लिया। इस मामले के खुलासे में कांस्टेबल भरत कुमार और शंकर सिंह की विशेष भूमिका रही।
दोनों को अदालत में पेश किया गया, जहाँ से कोर्ट ने कातिल पत्नी नेतल देवी को सीधे जेल भेजने के आदेश दिए हैं, जबकि मुख्य आरोपी (प्रेमी) गुमान सिंह को दो दिन के पुलिस रिमांड पर सौंपा है। पुलिस अब रिमांड के दौरान हत्या में इस्तेमाल किए गए हथियारों और अन्य साक्ष्यों को बरामद करने की कोशिश कर रही है।
रिश्तों का कत्ल
बाड़मेर की इस घटना ने एक बार फिर अवैध संबंधों के चलते हंसते-खेलते परिवार के तबाह होने की दास्तान बयां की है। पुलिस की मुस्तैदी और तकनीकी जांच के कारण आरोपी शातिर तरीके से रची गई इस साजिश को छुपा नहीं पाए और कानून के शिकंजे में आ गए।