राजस्थान में सार्वजनिक परिवहन को आधुनिक और पर्यावरण अनुकूल बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने शनिवार को प्रधानमंत्री ई-बस सेवा योजना के तहत नई इलेक्ट्रिक बसों का शुभारंभ किया। जयपुर में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने 29 इलेक्ट्रिक बसों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया, जबकि वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से भीलवाड़ा में 18 इलेक्ट्रिक बसों के संचालन की शुरुआत की गई।

अमर जवान ज्योति पर आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने बसों के विधिवत पूजन के बाद उन्हें रवाना किया। इसके बाद उन्होंने स्वयं इलेक्ट्रिक बस में सफर कर यात्रियों को मिलने वाली सुविधाओं का जायजा लिया। मुख्यमंत्री ने अमर जवान ज्योति से स्टेट हैंगर तक यात्रा की और बसों को सुरक्षित, सुविधाजनक तथा पर्यावरण हितैषी बताया।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में शुरू की गई प्रधानमंत्री ई-बस सेवा योजना का उद्देश्य शहरी क्षेत्रों में स्वच्छ, टिकाऊ और आधुनिक परिवहन व्यवस्था को बढ़ावा देना है। केंद्र सरकार इस योजना के तहत बस डिपो, चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर और संचालन संबंधी सुविधाओं के लिए राज्यों को सहयोग प्रदान कर रही है।

मुख्यमंत्री ने बताया कि योजना के तहत राजस्थान के जयपुर, जोधपुर, उदयपुर, कोटा, बीकानेर, भीलवाड़ा, अलवर और अजमेर शहरों का चयन किया गया है। केंद्र सरकार ने इन शहरों के लिए 675 इलेक्ट्रिक बसों को मंजूरी दी है। इसके अतिरिक्त 475 और बसों की स्वीकृति मिलने के बाद प्रदेश को कुल 1150 इलेक्ट्रिक बसें उपलब्ध होंगी। सरकार का लक्ष्य दीपावली तक पहले चरण की 675 बसों का संचालन शुरू करना है।

नई इलेक्ट्रिक बसों में यात्रियों की सुरक्षा और सुविधा का विशेष ध्यान रखा गया है। बसों में सीसीटीवी कैमरे, पैनिक बटन, एयर कंडीशनिंग सिस्टम और अन्य आधुनिक सुरक्षा उपकरण लगाए गए हैं। महिलाओं, वरिष्ठ नागरिकों, विद्यार्थियों और दिव्यांगजनों के लिए विशेष सुविधाएं भी उपलब्ध कराई गई हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि इलेक्ट्रिक बसों के संचालन से प्रदूषण कम होगा, ईंधन पर निर्भरता घटेगी और लोगों को बेहतर सार्वजनिक परिवहन सुविधा मिलेगी। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार केवल परिवहन सुविधाओं का विस्तार नहीं कर रही, बल्कि यात्रियों को सुरक्षित और सम्मानजनक यात्रा अनुभव उपलब्ध कराने के लिए भी प्रतिबद्ध है।

मुख्यमंत्री ने यह भी घोषणा की कि राज्य सरकार 555 अतिरिक्त शहरी इलेक्ट्रिक बसें और पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए 50 डबल-डेकर इलेक्ट्रिक बसें भी शुरू करेगी। उन्होंने कहा कि यह पहल ‘विकसित राजस्थान-2047’ के विजन को साकार करने और प्रदेश के प्रमुख शहरों में आधुनिक यातायात व्यवस्था विकसित करने की दिशा में महत्वपूर्ण साबित होगी।