राजस्थान के सीमावर्ती जिले जैसलमेर में मंगलवार को आयकर विभाग (Income Tax Department) ने सब-रजिस्ट्रार कार्यालय में छापेमार कार्रवाई की। इस दौरान विभाग की टीम ने संदिग्ध जमीन रजिस्ट्रियों और उनसे जुड़े वित्तीय लेनदेन की जांच शुरू की। कार्रवाई के चलते पूरे कार्यालय में दिनभर हलचल का माहौल बना रहा।

जानकारी के अनुसार, इस कार्रवाई में उदयपुर और जैसलमेर की संयुक्त टीम शामिल है। करीब आठ सदस्यीय जांच दल सब-रजिस्ट्रार कार्यालय पहुंचा और विभिन्न भूमि रजिस्ट्रियों से जुड़े दस्तावेजों का सत्यापन शुरू किया।

बिना पैन कार्ड और संदिग्ध दस्तावेज जांच के दायरे में

प्रारंभिक जानकारी के मुताबिक, आयकर विभाग का मुख्य फोकस उन जमीन रजिस्ट्रियों पर है, जिनमें पैन कार्ड का उपयोग नहीं किया गया या गलत जानकारी देकर रजिस्ट्री कराई गई है।

टीम संबंधित फाइलों, दस्तावेजों और रिकॉर्ड की बारीकी से जांच कर रही है, ताकि संभावित अनियमितताओं का पता लगाया जा सके।

काले धन और संदिग्ध लेनदेन की भी जांच

सूत्रों के अनुसार, आयकर विभाग ऐसे मामलों की भी पड़ताल कर रहा है, जिनमें संदिग्ध वित्तीय लेनदेन या काले धन के इस्तेमाल की आशंका है।

जांच के दौरान जुटाए जा रहे दस्तावेजों और रिकॉर्ड के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। यदि किसी प्रकार की कर चोरी या वित्तीय गड़बड़ी सामने आती है तो संबंधित लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।

हाल ही में नए आयकर अधिकारी ने संभाला है कार्यभार

गौरतलब है कि हाल ही में महेश कुल्हरी ने जिले के आयकर अधिकारी (Income Tax Officer) के रूप में कार्यभार संभाला है। उनके पदभार ग्रहण करने के बाद यह विभाग की पहली बड़ी कार्रवाई मानी जा रही है।

फिलहाल नहीं आया आधिकारिक बयान

हालांकि, इस पूरे मामले को लेकर आयकर विभाग की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।

विभाग का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही पूरे मामले की स्पष्ट जानकारी साझा की जाएगी। फिलहाल टीम रिकॉर्ड खंगालने और दस्तावेजों के सत्यापन में जुटी हुई है।