वाराणसी के पंडित दीन दयाल उपाध्याय राजकीय जिला चिकित्सालय (जिला अस्पताल) से जुड़ा एक चौंकाने वाला वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इस वीडियो में कथित तौर पर अस्पताल के पैथोलॉजी विभाग की लैब के अंदर कुछ कर्मचारी शराब पीते और पार्टी करते नजर आ रहे हैं। वीडियो में लैब टेक्नीशियन और अन्य संविदा कर्मचारी मशीनों के बीच टेबल पर बैठकर शराब के जाम छलकाते और नॉनवेज खाते दिख रहे हैं, जबकि एक व्यक्ति वीडियो रिकॉर्ड कर रहा है।

यह वीडियो सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर लोगों में भारी नाराजगी फैल गई है। कई यूजर्स ने इसे अस्पताल की गरिमा के खिलाफ बताया है और सवाल उठाया है कि जहां मरीजों के ब्लड सैंपल जांचे जाते हैं और रिपोर्ट तैयार की जाती है, वहां ऐसी हरकतें कैसे हो सकती हैं? कुछ पोस्ट्स में इसे "अस्पताल या मधुशाला?" कहकर तंज कसा गया है, जबकि विपक्षी दलों ने भी इसे भाजपा के 'मॉडल काशी' पर सवालिया निशान लगाने के लिए इस्तेमाल किया है।

मामले की जानकारी मिलने पर अस्पताल प्रशासन में हड़कंप मच गया। मुख्य चिकित्सा अधीक्षक (सीएमएस) डॉ. आरएस राम ने बताया कि वीडियो काफी पुराना लग रहा है और संभवतः उनके जॉइन करने से पहले का है। उन्होंने कहा, "वीडियो सामने आया है, इसकी सच्चाई जांच की जा रही है। जांच पूरी होने के बाद दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।" मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) ने भी इसकी पुष्टि करते हुए कहा कि वीडियो पुराना बताया जा रहा है, लेकिन आरोपों की सत्यता जांचने के लिए प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।

अस्पताल प्रशासन कर्मचारियों की पहचान करने और वीडियो की प्रामाणिकता जांचने में जुटा हुआ है। अगर जांच में ड्यूटी के दौरान शराब पीने या पार्टी करने का आरोप सही पाया जाता है, तो संबंधित लैब टेक्नीशियन और अन्य कर्मचारियों पर विभागीय कार्रवाई के साथ-साथ कानूनी एक्शन भी हो सकता है।