जोधपुर: जोधपुर की शादियों में इस बार केवल पकवानों की खुशबू ही नहीं, बल्कि 'मैचिंग वरमाला' का स्टाइलिश क्रेज भी चर्चा का विषय बना हुआ है। अब दूल्हा-दुल्हन के लिए वरमाला केवल एक रस्म नहीं, बल्कि उनके वेडिंग आउटफिट का सबसे अहम हिस्सा बन चुकी है। इस बदलते फैशन के कारण जोधपुर के फूल बाजार में जबरदस्त उछाल आया है और विदेशी व प्रीमियम फूलों की कीमतें सातवें आसमान पर पहुंच गई हैं।
पुणे और बेंगलुरु के फूलों का दबदबा
सरदारपुरा के फूल व्यवसायी चंदन के अनुसार, स्थानीय मांग इतनी बढ़ गई है कि अब पुणे, मुंबई, हैदराबाद, बेंगलुरु और कोलकाता जैसे बड़े शहरों से रोजाना फूलों की खेप मंगवाई जा रही है। अकेले गुलाब की बात करें तो प्रतिदिन 2 से 3 हजार बंडल जोधपुर पहुंच रहे हैं। इसमें हजारा और गेंदे जैसे पारंपरिक फूलों को मिला दें, तो जोधपुर में फूलों की दैनिक खपत 20 टन के पार पहुंच गई है।
'पिंक और व्हाइट' का सबसे ज्यादा क्रेज
वर्तमान में शादियों में डबल कलर वाले फूलों का ट्रेंड है। जोड़ों की पहली पसंद पिंक और व्हाइट गुलाब का कॉम्बिनेशन है। रजनीगंधा, ऑर्किड और प्रीमियम गुलाब जैसे महंगे फूलों का इस्तेमाल शादी के ग्लैमर को दोगुना कर रहा है।
क्यों खास है 'कमल' वाली वरमाला?
₹9,000 की कीमत वाली कमल की वरमाला इन दिनों सबसे महंगी और शाही मानी जा रही है। यह न केवल दिखने में भव्य होती है, बल्कि पारंपरिक राजस्थानी राजसी लुक के साथ परफेक्ट मैच होती है। अब वरमाला का वजन कम और उसकी 'कलर-ट्यूनिंग' ज्यादा मायने रखती है।