उदयपुर के सरकारी स्कूल की जर्जर छत से हादसे का खतरा, बच्चों को बचाने कमरों के बाहर बिछाए कांटे
उदयपुर के वल्लभनगर क्षेत्र के फलेट गांव स्थित सरकारी मिडिल स्कूल का भवन पूरी तरह जर्जर हो चुका है। छत गिरने की आशंका के चलते स्कूल स्टाफ ने बच्चों को खतरे वाले कमरों से दूर रखने के लिए कांटेदार झाड़ियां बिछा दी हैं। स्कूल में केवल दो सुरक्षित कमरों में आठों कक्षाओं की पढ़ाई हो रही है। शिक्षकों का आरोप है कि कई बार शिकायत करने के बावजूद शिक्षा विभाग ने अब तक कोई कार्रवाई नहीं की। वहीं एनएसयूआई ने सरकार से तत्काल भवन की मरम्मत कराने की मांग की है।
उदयपुर | जिले की वल्लभनगर तहसील के माल की टूस पंचायत स्थित फलेट गांव के राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय की जर्जर हालत बच्चों की सुरक्षा पर बड़ा सवाल खड़ा कर रही है। स्कूल भवन इतना खस्ताहाल हो चुका है कि उसकी छत कभी भी गिर सकती है। संभावित हादसे को देखते हुए स्कूल स्टाफ ने जर्जर कमरों और बरामदों के सामने कांटेदार झाड़ियां बिछा दी हैं, ताकि कोई बच्चा गलती से भी उस हिस्से में प्रवेश न कर सके।
स्कूल में करीब 60 विद्यार्थी अध्ययनरत हैं, जबकि यहां चार सदस्यीय स्टाफ कार्यरत है। भवन की खराब स्थिति के कारण पूरे स्कूल की पढ़ाई केवल दो सुरक्षित कमरों में संचालित की जा रही है। इनमें कक्षा 1 से 5 तक के विद्यार्थियों को एक कमरे में और कक्षा 6 से 8 तक के विद्यार्थियों को दूसरे कमरे में पढ़ाया जा रहा है।
छत से झड़ चुका प्लास्टर, सरिए भी हो चुके हैं जंगग्रस्त