80 लोगों की भीड़ ने पूर्व BJP विधायक को लाठी-डंडों से पीट-पीटकर मार डाला
राजस्थान के भरतपुर (बयाना) में बीजेपी के पूर्व विधायक अतर सिंह भड़ाना की भीड़ ने पीट-पीटकर हत्या कर दी। यह खूनी संघर्ष एक स्टोन क्रेशर प्लांट और माइनिंग लीज विवाद को लेकर हुआ।



राजस्थान के भरतपुर जिले से एक बेहद दर्दनाक खबर सामने आई है। जिले के बयाना इलाके में स्थित भौंड़ा गांव में भारतीय जनता पार्टी (BJP) के पूर्व विधायक अतर सिंह भड़ाना (68 वर्ष) की बेदर्दी से पीट-पीटकर हत्या कर दी गई है। इस जानलेवा हमले में उनके एक सहयोगी गगन शर्मा भी गंभीर रूप से घायल हुए हैं, जिनका अस्पताल में इलाज जारी है। घटना के बाद इलाके में तनाव का माहौल है और पुलिस हाई अलर्ट पर है।
खूनी संघर्ष की वजह बना स्टोन क्रेशर विवाद
पुलिस की प्रारंभिक जांच के मुताबिक, इस निर्मम हत्या के पीछे का मुख्य कारण माइनिंग लीज और स्टोन क्रेशर से जुड़ा एक पुराना विवाद है। दरअसल, करीब चार साल पहले अतर सिंह भड़ाना ने भौंड़ा गांव में एक स्टोन क्रेशर प्लांट माइनिंग लीज पर लिया था। तभी से उनका स्थानीय ग्रामीणों के साथ टकराव चल रहा था।
गांव वालों का आरोप था कि क्रेशर के लिए चारागाह की जमीन पर अवैध कब्जा किया गया है। इसके अलावा, प्लांट में होने वाली लगातार ब्लास्टिंग और वहां तक जाने वाले रास्ते को लेकर भी ग्रामीण काफी परेशान थे और अक्सर दोनों पक्षों में विवाद होता रहता था। इसी रंजिश के चलते पूर्व में भी दोनों गुटों के बीच मारपीट हो चुकी थी।
70 से 80 लोगों की भीड़ ने किया जानलेवा हमला
रविवार को जब पूर्व विधायक अतर सिंह भड़ाना क्रेशर प्लांट के पास अपने कार्यालय पहुंचे, तो विवाद ने उग्र रूप ले लिया। अचानक 70 से 80 लोगों की बेकाबू भीड़ ने उनके ऑफिस पर धावा बोल दिया। भीड़ ने पहले कार्यालय में जमकर तोड़फोड़ की और फिर लाठी-डंडों व पत्थरों से भड़ाना और उनके सहयोगी पर जानलेवा हमला कर दिया। हमले में भड़ाना बुरी तरह लहूलुहान हो गए। उन्हें तुरंत अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट: सिर में गंभीर चोट, दोनों पैर टूटे
अतर सिंह भड़ाना की पोस्टमार्टम रिपोर्ट से भीड़ की बर्बरता का साफ अंदाजा लगाया जा सकता है। रिपोर्ट के अनुसार, पूर्व विधायक के सिर पर किसी भारी चीज से वार किया गया था, जिससे उन्हें गहरी चोटें आईं। इसके साथ ही, उनके दोनों पैर बुरी तरह टूट गए थे और शरीर के कई अन्य हिस्सों पर भी गहरी चोट के निशान मिले हैं।
पैतृक गांव फरीदाबाद में होगा अंतिम संस्कार
68 वर्षीय अतर सिंह भड़ाना मूल रूप से हरियाणा के फरीदाबाद जिले के पाली गांव के रहने वाले थे, हालांकि वे काफी समय से बयाना के शेरगढ़ गांव में ही रह रहे थे। उनका पार्थिव शरीर उनके परिजनों को सौंप दिया गया है, जो शव को लेकर उनके पैतृक गांव पाली के लिए निकल चुके हैं। उनका अंतिम संस्कार वहीं किया जाएगा।
इस हाई-प्रोफाइल मामले पर भरतपुर के एसपी राजेश मीणा ने बताया कि पुलिस अलर्ट मोड पर है। हमलावरों को पकड़ने के लिए कई विशेष टीमों का गठन किया गया है और इलाके में सघन छापेमारी कर मामले की गहनता से जांच की जा रही है।
अतर सिंह भड़ाना का राजनीतिक सफर
अतर सिंह भड़ाना राजस्थान की राजनीति का एक चर्चित चेहरा रहे हैं। उन्होंने साल 2003 में भरतपुर की बयाना विधानसभा सीट से भाजपा (BJP) के टिकट पर चुनाव जीता था। हालांकि, बाद में गुर्जर आरक्षण आंदोलन के दौरान उनकी भाजपा से दूरियां बढ़ गईं, जिसके चलते उन्होंने पार्टी छोड़कर कांग्रेस का हाथ थाम लिया था। 2008 में उन्होंने कांग्रेस के टिकट पर चुनाव लड़ा, लेकिन इस बार उन्हें हार का सामना करना पड़ा। इसके कुछ समय बाद वे वापस अपनी पुरानी पार्टी बीजेपी में लौट आए थे।













































