बिहार की राजनीति में इन दिनों बड़ा सियासी घमासान देखने को मिल रहा है। मुख्यमंत्री Nitish Kumar के राज्यसभा जाने की घोषणा के बाद उनकी ही पार्टी Janata Dal (United) के अंदर नाराजगी खुलकर सामने आ गई है। कार्यकर्ता और नेता इस फैसले का विरोध कर रहे हैं और कई जगहों पर प्रदर्शन भी हुए हैं।
जदयू कार्यालय में भी हंगामा
मुख्यमंत्री के फैसले से नाराज कार्यकर्ताओं ने जदयू के प्रदेश कार्यालय के बाहर भी विरोध प्रदर्शन किया। गुस्साए कार्यकर्ताओं ने कार्यालय में तोड़फोड़ की और जमकर नारेबाजी की।
कार्यकर्ताओं का कहना है कि 2025 के विधानसभा चुनाव में उन्होंने Nitish Kumar के चेहरे पर जनता से वोट मांगा था। ऐसे में उनका दिल्ली जाना जनता और पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ अन्याय होगा।
पीएम मोदी की तस्वीर पर पोती कालिख
विरोध के दौरान कुछ कार्यकर्ताओं ने कार्यालय के पास दीवार पर बनी प्रधानमंत्री Narendra Modi की तस्वीर पर कालिख भी पोत दी। इसके साथ ही भाजपा नेताओं के खिलाफ भी नारेबाजी की गई।
कई कार्यकर्ताओं ने पार्टी के वरिष्ठ नेताओं Sanjay Jha और Lalan Singh पर भाजपा से मिले होने का आरोप लगाया और उनके खिलाफ भी नारे लगाए।
गाड़ियों को घेरकर किया प्रदर्शन
इस पूरे घटनाक्रम के दौरान गुस्साए नेताओं और कार्यकर्ताओं ने एमएलसी Sanjay Gandhi की गाड़ी को भी घेर लिया और काफी देर तक हंगामा किया। मौके पर माहौल काफी देर तक तनावपूर्ण बना रहा।
फैसले पर दोबारा विचार की मांग
जदयू कार्यकर्ताओं का कहना है कि बिहार की जनता ने Nitish Kumar को मुख्यमंत्री बनाया है और बिहार ही उनका परिवार है। ऐसे में उन्हें दिल्ली नहीं जाना चाहिए।
फिलहाल पार्टी के अंदर बढ़ती नाराजगी ने बिहार की राजनीति को गरमा दिया है। अब सभी की नजर इस बात पर टिकी है कि क्या मुख्यमंत्री अपने फैसले पर दोबारा विचार करेंगे या फिर जदयू के अंदर यह विरोध और तेज होगा।