9 अगस्त को लौटना था ड्यूटी पर... उससे पहले तिरंगे में लिपटकर घर पहुंचे जवान, मां की चीखों से गूंज उठा गांव
छुट्टियां बिताने घर आए सेना के जवान भगवाना राम को अचानक चक्कर आए और कुछ ही पलों में सब कुछ बदल गया। जिस बेटे को परिवार मुस्कुराते हुए ड्यूटी पर विदा करने की तैयारी कर रहा था, वही तिरंगे में लिपटकर अंतिम बार घर लौटा। मां की चीखें, पत्नी और बच्चों का विलाप और सैन्य सम्मान के बीच दी गई अंतिम विदाई ने हर आंख को नम कर दिया। आखिर एक स्वस्थ जवान की अचानक कैसे थम गई जिंदगी?
नागौर। राजस्थान के नागौर जिले में छुट्टियों पर घर आए भारतीय सेना के एक जवान की अचानक हार्ट अटैक से मौत हो गई। इस दर्दनाक घटना से पूरे परिवार और गांव में शोक की लहर दौड़ गई। रविवार को जवान का पार्थिव शरीर तिरंगे में लपेटकर गांव लाया गया, जहां सैन्य सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया। बेटे को तिरंगे में लिपटा देख मां बेसुध हो गई, जबकि पत्नी और बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल था।
मृतक जवान भगवाना राम (40) नागौर जिले के अलाय गांव के रहने वाले थे और वर्तमान में मणिपुर के नॉर्थ इंफाल में तैनात थे। वे 9 जुलाई को छुट्टियां बिताने अपने घर आए थे। शनिवार शाम अचानक उन्हें घर पर चक्कर आए और वे बेहोश होकर गिर पड़े। परिजन उन्हें तुरंत जिला अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने जांच के बाद मृत घोषित कर दिया। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार उनकी मौत हार्ट अटैक से हुई है।
परिजनों ने सेना के अधिकारियों को घटना की सूचना दी। रविवार सुबह सेना के साथी जवान नागौर पहुंचे और पूरे सैन्य सम्मान के साथ उनकी अंतिम यात्रा निकाली गई। सबसे पहले पार्थिव शरीर को नागौर की संजय कॉलोनी स्थित घर लाया गया, जहां लोगों ने अंतिम दर्शन किए। इसके बाद पार्थिव शरीर को उनके पैतृक गांव अलाय ले जाया गया।