CM को खून से पत्र लिख नर्सिंगकर्मियों ने मांगी सेवा बहाली, राज्यपाल से इच्छामृत्यु की अनुमति की मांग

बाड़मेर में निष्कासित संविदा नर्सिंगकर्मियों का सेवा बहाली और मेरिट व बोनस अंक आधारित नई भर्ती की मांग को लेकर आंदोलन जारी है। धरने के 39वें दिन नर्सिंगकर्मियों ने मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा को खून से पत्र लिखकर सेवा बहाली की मांग की। वहीं राज्यपाल हरिभाऊ बागडे को भेजे गए पत्र में बहाली नहीं होने पर इच्छामृत्यु की अनुमति मांगी गई। आंदोलनकारियों ने जनप्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों को भी 150 डाक पत्र भेजकर अपनी मांगों पर जल्द कार्रवाई की अपील की।

Mohit Parihar
Mohit Parihar Verified Public Figure • 11 Jun, 2026Sub Editor
July 16, 2026 • 7:48 PM  5
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राजस्थान
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CM को खून से पत्र लिख नर्सिंगकर्मियों ने मांगी सेवा बहाली, राज्यपाल से इच्छामृत्यु की अनुमति की मांग
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16 Jul 2026
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CM को खून से पत्र लिख नर्सिंगकर्मियों ने मांगी सेवा बहाली, राज्यपाल से इच्छामृत्यु की अनुमति की मांग

बाड़मेर। बाड़मेर में निष्कासित संविदा (निविदा) नर्सिंगकर्मियों का आंदोलन लगातार तेज होता जा रहा है। सेवा बहाली और मेरिट व बोनस अंक आधारित नई भर्ती का विज्ञापन जारी करने की मांग को लेकर पिछले 39 दिनों से धरने पर बैठे नर्सिंगकर्मियों ने गुरुवार को मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा को खून से पत्र लिखकर अपनी पीड़ा और मांगों से अवगत कराया। इसके साथ ही राज्यपाल हरिभाऊ बागडे के नाम डाक के माध्यम से पत्र भेजकर सेवा बहाल नहीं होने की स्थिति में इच्छामृत्यु की अनुमति देने की मांग की है।

धरनारत नर्सिंगकर्मियों ने बताया कि सरकार तक अपनी आवाज पहुंचाने के लिए मुख्यमंत्री और राज्यपाल सहित जनप्रतिनिधियों एवं प्रशासनिक अधिकारियों को करीब 150 डाक पत्र भी भेजे गए हैं। उनका कहना है कि लंबे समय से शांतिपूर्ण आंदोलन करने के बावजूद सरकार की ओर से अब तक कोई सकारात्मक पहल नहीं की गई है।

धरनारत नर्सिंगकर्मियों ने कहा कि वे पिछले 39 दिनों से बाड़मेर जिला अस्पताल परिसर में लगातार प्रदर्शन कर रहे हैं, लेकिन उनकी मांगों पर कोई सुनवाई नहीं हो रही है। उनका आरोप है कि सेवा समाप्त किए जाने के बाद वे आर्थिक और मानसिक रूप से गंभीर संकट का सामना कर रहे हैं। ऐसे में मजबूर होकर उन्हें खून से पत्र लिखने जैसा कदम उठाना पड़ा।

धरना स्थल पर मौजूद नर्सिंगकर्मी दिलीप त्रिवेदी ने बताया कि सेवा समाप्ति से आहत नर्सिंगकर्मी पिछले 39 दिनों से आंदोलन कर रहे हैं, लेकिन अब तक उनके हित में किसी भी प्रकार का सकारात्मक परिणाम सामने नहीं आया है। उन्होंने सरकार से जल्द सेवा बहाली करने और मेरिट व बोनस अंक आधारित नई भर्ती का विज्ञापन जारी करने की मांग दोहराई।

धरने के दौरान नर्सिंगकर्मियों ने कहा कि मौसम की मार और लगातार संघर्ष के बावजूद उनका हौसला कमजोर नहीं हुआ है। उन्होंने एक स्वर में कहा कि जब तक न्याय नहीं मिलेगा, तब तक उनका आंदोलन पूरी एकजुटता और दृढ़ संकल्प के साथ जारी रहेगा।

इस दौरान सुशिया चौधरी, रामू, मनीषा, मेराज, आरती, गंगा, सुनील बामणिया, कल्पेश सेजू, मुरलीधर भांभू, प्रवीण सिंह, प्रमोद कुमार, महेश विश्नोई, राजू दान सहित बड़ी संख्या में नर्सिंग ऑफिसर धरना स्थल पर मौजूद रहे और आंदोलन को आगे बढ़ाने का संकल्प दोहराया।

Mohit Parihar

Mohit Parihar Verified Public Figure • 11 Jun, 2026Sub Editor

Mohit Parihar is a journalist at The Khatak, covering politics and public issues with a strong focus on ground reporting and factual storytelling.

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