किराना दुकान की आड़ में बिक रहा था 58 किलो डोडा-पोस्त, 2 गिरफ्तार
बाड़मेर में ANTF और स्थानीय पुलिस ने नशे के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए 58 किलो अवैध डोडा-पोस्त बरामद किया है। इस मामले में दो तस्कर गिरफ्तार हुए हैं, जो ज्यादा मुनाफे के लिए किराना दुकान की आड़ में नशे का कारोबार चला रहे थे।



राजस्थान के बाड़मेर जिले में मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स (ANTF) ने एक बड़ा और कड़ा प्रहार किया है। टीम ने सदर और धनाऊ थाना क्षेत्रों में स्थानीय पुलिस के साथ मिलकर दो अलग-अलग स्थानों पर छापे मारे। इस संयुक्त ऑपरेशन में कुल 58 किलो अवैध डोडा-पोस्त जब्त किया गया है। पुलिस ने मौके से दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जो जल्दी अमीर बनने की चाहत में किराना व्यापार की आड़ में 'मौत का सामान' बेच रहे थे।
जमीन के नीचे ड्रमों में छिपाया था नशा: तस्कर कानाराम गिरफ्तार
पहली कार्रवाई सदर थाना इलाके के बाड़मेर गादान में की गई। ANTF को गुप्त सूचना मिली थी कि यहां रहने वाले कानाराम ने अपनी ढाणी के पीछे खेत में भारी मात्रा में नशा छिपा रखा है। सूचना के आधार पर जब पुलिस टीम ने दबिश दी, तो एक शख्स खाकी को देखकर भागने लगा। पुलिस ने घेराबंदी कर उसे धर दबोचा। पूछताछ में उसने अपनी पहचान बाड़मेर गादान निवासी कानाराम (पुत्र मदाराम उर्फ मदनलाल) के रूप में दी।
जब पुलिस ने ढाणी के पीछे खेत की तलाशी ली, तो चारदीवारी के पास एक जगह की मिट्टी ताजी खुदी हुई नजर आई। संदेह होने पर जब वहां फावड़े से खुदाई की गई, तो जमीन के अंदर से दो बड़े ड्रम निकले, जिनमें 35 किलो 450 ग्राम डोडा-पोस्त चूरा भरा हुआ था। पुलिस ने नशा जब्त कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है।
गोशाला में चारे के कट्टों के बीच मिला मौत का सामान
दूसरी बड़ी कार्रवाई धनाऊ थाना क्षेत्र के भुणिया गांव (कायम का तला) में हुई। टीम को मुखबिर से भनक लगी थी कि पोकराराम नाम का व्यक्ति अपने घर के बाहर बने गायों के छप्पर में नशा छिपाकर बैठा है। पुख्ता जानकारी मिलने के बाद संयुक्त टीम ने तुरंत दबिश दी।
तलाशी के दौरान पुलिस को गोशाला में रखे पशु चारे के कट्टों के बीच डोडा-पोस्त से भरे दो बोरे छिपे हुए मिले। इनका वजन करीब 22 किलो 540 ग्राम पाया गया। धनाऊ पुलिस ने मौके से आरोपी पोकराराम उर्फ पुखराज (पुत्र उदाराम) को गिरफ्तार कर लिया।
मुनाफे के लालच ने किराना व्यापारी को बना दिया ड्रग पेडलर
पुलिस की शुरुआती पूछताछ में आरोपियों ने कई चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। जांच में सामने आया कि आरोपी पहले एक साधारण किराना की दुकान चलाता था। इसी व्यापार के दौरान उसका संपर्क एक बड़े तस्कर से हो गया। ज्यादा मुनाफे के लालच में उसने अपनी दुकान के सामान के साथ-साथ डोडा-पोस्त की पुड़िया बनाकर फुटकर बेचना शुरू कर दिया। देखते ही देखते वह पूरी तरह से नशे के इस अवैध कारोबार के दलदल में उतर गया।
फिलहाल पुलिस दोनों आरोपियों से कड़ाई से पूछताछ कर रही है ताकि इस पूरे नेटवर्क से जुड़े मुख्य सप्लायर और इलाके के अन्य तस्करों की जड़ तक पहुंचा जा सके।











































