नौकरी के नाम पर 22 लाख की ठगी: दो सगे भाइयों को RAS अटेंडर और नगर निगम इंस्पेक्टर की जॉब का झांसा देकर उड़ाए पैसे
जयपुर के जामडोली में एक परिचित लल्लूराम ने दो सगे भाइयों को RAS अटेंडर (80 हजार मासिक सैलरी) और नगर निगम इंस्पेक्टर की नौकरी लगवाने का झांसा देकर 22 लाख रुपये ठग लिए। परिवार ने 15 लाख + 7 लाख दिए, अलवर में 5 दिन की फर्जी ट्रेनिंग करवाई, फर्जी चेक दिए लेकिन नौकरी नहीं लगी। तीन साल बाद धोखे का पता चला तो पुलिस में FIR दर्ज।
जयपुर। सरकारी नौकरी के लालच में एक परिवार को 22 लाख रुपये की चपत लग गई है। जयपुर के जामडोली इलाके में रहने वाले सुनील कुमार के दो छोटे भाइयों को अफसर स्तर की नौकरी लगवाने के नाम पर परिचित लल्लूराम ने धोखाधड़ी की। आरोपी ने 80 हजार रुपये मासिक वेतन वाली RAS अटेंडर और नगर निगम इंस्पेक्टर की पोस्ट बताकर परिवार को लालच दिया, फर्जी ट्रेनिंग करवाई और कुल 22 लाख रुपये ऐंठ लिए। तीन साल बीत जाने के बाद भी नौकरी नहीं लगी तो पीड़ित परिवार ने धोखे का भंडाफोड़ किया और पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।
कैसे शुरू हुई ठगी की साजिश?
मार्च 2023 में दौसा जिले के रहने वाले परिचित लल्लूराम जामडोली (आगरा रोड, जयपुर) में सुनील कुमार के घर आए। बातचीत के दौरान उन्होंने परिवार को बताया कि नगर निगम में वैकेंसी निकल रही है और उनके अधिकारियों से अच्छी जान-पहचान है। उन्होंने सुनील के दोनों छोटे भाइयों को नौकरी लगवाने का वादा किया।एक भाई को RAS (राजस्थान प्रशासनिक सेवा) का अटेंडर लगाने का झांसा दिया, जिसकी मासिक सैलरी 80 हजार रुपये बताई।दूसरे भाई को नगर निगम में इंस्पेक्टर की पोस्ट पर लगाने की बात कही।