Flipkart ने डिलीवरी चार्ज पर GST छूट को लेकर कलकत्ता हाईकोर्ट का रुख किया, बढ़ा टैक्स विवाद
फ्लिपकार्ट ने डिलीवरी चार्ज पर GST छूट को लेकर कलकत्ता हाईकोर्ट में याचिका दायर की है। कंपनी और कर विभाग के बीच इस बात को लेकर विवाद है कि ग्राहकों से वसूले जाने वाले डिलीवरी शुल्क पर GST लागू होता है या नहीं। इस मामले का फैसला पूरे ई-कॉमर्स उद्योग के लिए महत्वपूर्ण साबित हो सकता है।
ई-कॉमर्स क्षेत्र की प्रमुख कंपनी flipkart.com ने डिलीवरी चार्ज पर वस्तु एवं सेवा कर (GST) से जुड़ी छूट के मुद्दे को लेकर कलकत्ता हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। कंपनी और कर विभाग के बीच यह विवाद ऑनलाइन ऑर्डर की डिलीवरी पर लगाए जाने वाले शुल्क की टैक्स देयता को लेकर सामने आया है। इस मामले ने ई-कॉमर्स उद्योग में GST नियमों की व्याख्या और उनके अनुप्रयोग को लेकर नई बहस छेड़ दी है।
क्या है पूरा मामला?
Flipkart का कहना है कि ग्राहकों से वसूले जाने वाले कुछ डिलीवरी शुल्क को GST के दायरे से बाहर माना जाना चाहिए या उन पर उपलब्ध छूट का लाभ मिलना चाहिए। कंपनी का तर्क है कि संबंधित सेवाएं ऐसे प्रावधानों के अंतर्गत आती हैं, जहां कर राहत या छूट लागू हो सकती है।