चलती ट्रेन के गेट पर किशोर को रील बनाना पड़ा भारी.....
बिहार के सासाराम में 13-14 साल के किशोर शहजादा को चलती ट्रेन के गेट पर रील बनाना भारी पड़ा। स्टंट के दौरान संतुलन बिगड़ने से वह पटरी पर गिरा, जिससे उसका एक पैर कट गया। प्राथमिक उपचार के बाद उसे वाराणसी रेफर किया गया। यह हादसा सोशल मीडिया रील के खतरनाक क्रेज को दर्शाता है।
बिहार के सासाराम रेलवे स्टेशन के पास एक दिल दहला देने वाला हादसा सामने आया है, जहां रील बनाने की सनक ने एक 13-14 साल के किशोर की जिंदगी को तहस-नहस कर दिया। सासाराम से आरा जा रही एक पैसेंजर ट्रेन के गेट पर स्टंट करते हुए रील बनाने की कोशिश में यह किशोर अपना संतुलन खो बैठा और ट्रेन की चपेट में आ गया। इस भयानक हादसे में उसका एक पैर पूरी तरह कटकर अलग हो गया। रेलवे पुलिस बल (आरपीएफ) ने तत्परता दिखाते हुए घायल किशोर और उसके कटे हुए पैर को बोरी में भरकर सासाराम के सदर अस्पताल पहुंचाया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसे बेहतर इलाज के लिए वाराणसी रेफर कर दिया गया।
क्या है पूरा मामला?
जानकारी के मुताबिक, घायल किशोर का नाम शहजादा है और वह रोहतास जिले के तिलौथू गांव का रहने वाला है। शहजादा रील बनाने के शौक के चलते अपने गांव से सासाराम आया था। उसने सासाराम से आरा जाने वाली पैसेंजर ट्रेन के गेट के पायदान पर खड़े होकर स्टंट करने और रील शूट करने का फैसला किया। चलती ट्रेन में उछल-कूद और खतरनाक स्टंट करने के दौरान उसका संतुलन बिगड़ गया, जिसके कारण वह ट्रेन से नीचे गिरकर पटरियों के बीच जा गिरा। इस हादसे में उसका एक पैर ट्रेन की चपेट में आकर पूरी तरह कट गया। हादसे के तुरंत बाद मौके पर मौजूद आरपीएफ जवानों ने किशोर को तत्काल उठाकर सासाराम के सदर अस्पताल पहुंचाया। कटे हुए पैर को भी एक बोरी में रखकर अस्पताल ले जाया गया, ताकि चिकित्सक उसकी स्थिति का आकलन कर सकें। अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद किशोर की गंभीर हालत को देखते हुए उसे वाराणसी के एक अस्पताल में रेफर किया गया, जहां उसका इलाज जारी है।