"नकली पहचान, असली साज़िश! राजस्थान से 148 बांग्लादेशी घुसपैठिए स्पेशल फ्लाइट से किए गए डिपोर्ट"
राजस्थान में 148 बांग्लादेशी घुसपैठियों को पकड़कर डिपोर्ट किया गया, जो नकली दस्तावेजों के साथ विभिन्न जिलों में रह रहे थे। जोधपुर से विशेष सैन्य विमान द्वारा इन्हें पश्चिम बंगाल भेजा गया, जहां बीएसएफ उन्हें बांग्लादेशी अधिकारियों को सौंपेगी। यह कार्रवाई केंद्र सरकार के अवैध घुसपैठ के खिलाफ अभियान और पहलगाम आतंकी हमले के बाद सुरक्षा मजबूती का हिस्सा है।
राजस्थान में अवैध रूप से रह रहे 148 बांग्लादेशी घुसपैठियों को एक विशेष अभियान के तहत पकड़ा गया और उन्हें डिपोर्ट करने की प्रक्रिया शुरू की गई। इन घुसपैठियों को सीकर जिले से गिरफ्तार किया गया, जहां वे अलग-अलग जिलों में अपनी पहचान छुपाकर रह रहे थे। जोधपुर एयरफोर्स स्टेशन से एक विशेष सैन्य विमान के जरिए इन्हें पश्चिम बंगाल भेजा गया, जहां से बीएसएफ (सीमा सुरक्षा बल) उन्हें बांग्लादेशी अधिकारियों को सौंपेगी। यह कार्रवाई केंद्र सरकार के देशव्यापी अभियान का हिस्सा है, जो पहलगाम आतंकी हमले के बाद अवैध घुसपैठियों के खिलाफ तेजी से चलाया जा रहा है।
राजस्थान पुलिस ने हाल के दिनों में अवैध बांग्लादेशी नागरिकों के खिलाफ एक सघन अभियान शुरू किया। इस अभियान के तहत पूरे राज्य में 1008 बांग्लादेशी घुसपैठियों को हिरासत में लिया गया। जयपुर रेंज में 761 और सीकर जिले में 394 घुसपैठियों की पहचान की गई। इनमें से 148 की पहली खेप को दस्तावेजों की गहन जांच के बाद जोधपुर लाया गया। भारी पुलिस सुरक्षा के बीच सड़क मार्ग से जोधपुर पहुंचाए गए इन घुसपैठियों को जोधपुर एयरफोर्स स्टेशन से पश्चिम बंगाल के लिए रवाना किया गया।
राजस्थान के मंत्री जोगाराम पटेल ने बताया, "लगभग 1000 संदिग्ध बांग्लादेशी नागरिक राजस्थान में रहते पाए गए। इनमें से 148 को आज जोधपुर से कोलकाता भेजा गया है, जहां से उन्हें बांग्लादेश वापस भेजा जाएगा।" यह अभियान देश की आंतरिक सुरक्षा को मजबूत करने के लिए केंद्र सरकार की सख्त नीति का हिस्सा है।