भारत-पाक सीमा के पास ‘ऑपरेशन भौकाल’ में खुली ड्रग्स फैक्ट्री की पोल, मास्टरमाइंड रमेश बिश्नोई अब भी फरार
बाड़मेर के धोलकिया गांव में बाड़मेर पुलिस और NCB जोधपुर की संयुक्त कार्रवाई में एक अवैध MD ड्रग्स फैक्ट्री का भंडाफोड़ हुआ है; वेब सीरीज से प्रेरित होकर शुरू की गई इस फैक्ट्री के मास्टरमाइंड रमेश बिश्नोई की तलाश जारी है।
राजस्थान के बाड़मेर जिले में एक बार फिर अंतरराष्ट्रीय सीमा से लगे इलाकों का गलत इस्तेमाल सामने आया है। इस बार मामला है सेड़वा थाना क्षेत्र के धोलकिया (कारटिया) गांव में एक अवैध MD ड्रग्स फैक्ट्री का, जिसका पर्दाफाश बाड़मेर पुलिस और नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (NCB) जोधपुर की संयुक्त कार्रवाई "ऑपरेशन भौकाल" के तहत किया गया।
वेब सीरीज से मिली प्रेरणा, बना दी ड्रग्स फैक्ट्री
इस मामले में सबसे चौंकाने वाली बात ये है कि मुंबई निवासी जयेन्द्र शुक्ला ने एक वेब सीरीज देखकर इस खतरनाक अपराध की ओर कदम बढ़ाया। उसने राजस्थान के सीमावर्ती गांव धोलकिया में मांगीलाल बिश्नोई के खेत में एक छप्पर के नीचे ड्रग्स फैक्ट्री खड़ी कर दी। फैक्ट्री में मुंबई से लाई गई मशीनों के जरिए ओडिशा के केमिकल एक्सपर्ट शिवा की मदद से MD ड्रग्स का उत्पादन शुरू कर दिया गया था।
पुलिस की सक्रियता से टली बड़ी साजिश
अगर वक्त रहते इस नेटवर्क का पर्दाफाश नहीं होता, तो यह गिरोह राजस्थान सहित अन्य राज्यों में भी ऐसी फैक्ट्रियां फैलाने की फिराक में था। बाड़मेर पुलिस अधीक्षक नरेंद्र सिंह मीणा ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर बताया कि अब तक इस मामले में कुल चार गिरफ्तारियां हो चुकी हैं, और 12 लोगों को नामजद किया गया है।