400 साल पुराने 'महासतिया' में हुआ राजमाता का अंतिम संस्कार, उमड़ पड़ा पूरा शहर
महाराणा प्रताप के वंशज स्वर्गीय अरविंद सिंह मेवाड़ की धर्मपत्नी विजयराज कुमारी का 83 वर्ष की आयु में निधन हो गया है। उदयपुर के ऐतिहासिक महासतिया में उनके बेटे लक्ष्यराज सिंह मेवाड़ ने उन्हें मुखाग्नि दी।
मेवाड़ के पूर्व राजपरिवार से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है। महाराणा प्रताप के वंशज स्वर्गीय अरविंद सिंह मेवाड़ की धर्मपत्नी विजयराज कुमारी का सोमवार देर रात 83 वर्ष की उम्र में देवलोकगमन हो गया। वे पिछले काफी समय से अस्वस्थ चल रही थीं। मंगलवार को उदयपुर के ऐतिहासिक 'महासतिया' में पूरे विधि-विधान और परम्पराओं के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया।
शंभू पैलेस से निकली अंतिम यात्रा, उमड़ा जनसैलाब
विजयराज कुमारी की अंतिम यात्रा पूर्व राजपरिवार के आधिकारिक निवास शंभू निवास पैलेस से शुरू हुई। करीब साढ़े चार किलोमीटर लंबी इस यात्रा में राजपरिवार के सदस्यों के अलावा हजारों की संख्या में आम जनमानस उमड़ पड़ा। लोग अपने प्रिय राजमाता के अंतिम दर्शनों के लिए सड़कों के दोनों ओर कतारों में खड़े नजर आए। रास्ते भर लोगों ने नम आंखों से उन पर पुष्प वर्षा कर उन्हें अपनी भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की।