बीकानेर में हनुमान बेनीवाल 'पायलट को CM बनाने की साजिश से लेकर भजनलाल की पनौती तक, राजस्थान की सियासत पर खोले राज!'
बीकानेर में आरएलपी की सातवीं स्थापना दिवस रैली में हनुमान बेनीवाल ने मानेसर कांड की नई परतें खोलीं, दावा किया कि वे तीन विधायकों के साथ सचिन पायलट को सीएम बनाने के लिए तैयार थे। गहलोत-भजनलाल के गठबंधन पर हमला बोलते हुए फोन टेपिंग में शामिल अधिकारियों को इनाम देने का आरोप लगाया। सीएम भजनलाल को 'पनौती' बताते हुए आग-विस्फोट की घटनाओं के लिए जिम्मेदार ठहराया और युवाओं को आंदोलन के लिए तैयार रहने का आह्वान किया।
बीकानेर, 29 अक्टूबर 2025: राजस्थान की राजनीति में तूफान लाने वाले राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी (आरएलपी) के संयोजक और नागौर सांसद हनुमान बेनीवाल ने मंगलवार को बीकानेर में आयोजित अपनी पार्टी के सातवें स्थापना दिवस पर एक विशाल रैली को संबोधित करते हुए कई बड़े राज खोले। पॉलिटेक्निक कॉलेज मैदान में हजारों समर्थकों की मौजूदगी में बेनीवाल ने पुराने मानेसर कांड की नई परतें उधेड़ीं, पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और वर्तमान सीएम भजनलाल शर्मा पर तीखे तीर चलाए, और गठबंधन की सियासत पर चौंकाने वाले बयान दिए। रैली में आरएलपी ने अपनी ताकत का जबरदस्त प्रदर्शन किया, जहां बेनीवाल ने युवाओं को आंदोलन के लिए तैयार रहने का आह्वान भी किया।
मानेसर कांड पर बेनीवाल का पुराना राज: 'सचिन पायलट को CM बनाने के लिए मैं तीन विधायकों के साथ तैयार था!'
रैली के दौरान बेनीवाल ने 2020 के मानेसर कांड को फिर से सुर्खियों में ला खड़ा किया, जो राजस्थान की राजनीति का एक काला अध्याय रहा। मानेसर कांड तब सुर्खियों में आया था जब कांग्रेस के 20 से ज्यादा विधायकों ने अशोक गहलोत सरकार के खिलाफ बगावत की और हरियाणा के मानेसर में डेरा डाल लिया। इस घटना ने राज्य में राजनीतिक संकट पैदा कर दिया था, जिसमें सचिन पायलट गुट के विधायकों ने गहलोत के नेतृत्व पर सवाल उठाए थे।बेनीवाल ने खुलासा किया कि उस वक्त वे सचिन पायलट के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़े थे। उन्होंने कहा, "मैं तीन विधायकों के साथ सचिन पायलट को मुख्यमंत्री बनाने के लिए पूरी तरह तैयार था। अगर गहलोत सरकार गिराने की मंशा होती, तो हमने वो कर दिया होता। लेकिन हमने जनहित को प्राथमिकता दी।" यह बयान राजस्थान की सियासत में हलचल मचा रहा है, क्योंकि इससे पहले भी बेनीवाल ने मई 2025 में जयपुर की एक महारैली में इसी तरह का दावा किया था। उन्होंने पायलट को चैलेंज भी दिया था कि वे मानेसर जैसी हिम्मत अब भ्रष्टाचार के खिलाफ दिखाएं। बेनीवाल का यह खुलासा गहलोत-पायलट के बीच की पुरानी खाई को फिर से उजागर कर रहा है, जहां पायलट को गहलोत ने डिप्टी सीएम पद से हटा दिया था।