जयपुर में सफाई कर्मचारियों की 'झाड़ू डाउन' हड़ताल का बड़ा असर, शहरभर में कचरे के ढेर; डोर-टू-डोर कलेक्शन ठप
जयपुर में सफाई कर्मचारियों की अनिश्चितकालीन 'झाड़ू डाउन' हड़ताल से शहर की सफाई व्यवस्था चरमरा गई है।
राजस्थान की राजधानी जयपुर में सफाई कर्मचारियों की अनिश्चितकालीन 'झाड़ू डाउन' हड़ताल का असर अब पूरे शहर में दिखाई देने लगा है। संयुक्त वाल्मीकि एवं सफाई श्रमिक संघ के आह्वान पर जयपुर समेत प्रदेशभर के सफाई कर्मचारियों ने कार्य बहिष्कार शुरू कर दिया है। इसके चलते नगर निगम की सफाई व्यवस्था बुरी तरह प्रभावित हो गई है और शहर के कई हिस्सों में कचरे के ढेर लग गए हैं।
हड़ताल के कारण डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण पूरी तरह ठप हो गया है। शहर के प्रमुख बाजारों, बड़ी चौपड़, छोटी चौपड़, परकोटा क्षेत्र और कई रिहायशी कॉलोनियों में नियमित सफाई नहीं होने से गंदगी फैलने लगी है। कई स्थानों पर नाराज लोगों ने विरोध जताते हुए सड़कों पर कचरा डाल दिया, जिसके वीडियो सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हो रहे हैं।
6 सूत्री मांगों पर अड़े सफाई कर्मचारी
संयुक्त वाल्मीकि एवं सफाई श्रमिक संघ का कहना है कि जब तक उनकी छह सूत्री मांगें पूरी नहीं होंगी, तब तक हड़ताल जारी रहेगी। कर्मचारियों की प्रमुख मांग है कि सफाई कर्मचारियों की भर्ती में वाल्मीकि समाज को प्राथमिकता दी जाए।