भरतपुर जिले के नदबई कस्बे में बुधवार (25 मार्च 2026) शाम को एक चौंकाने वाली घटना घटी। पंजाबी कॉलोनी निवासी 45 वर्षीय ज्वेलर योगेंद्र चौपड़ा (पुत्र शांति स्वरूप) अपनी दुकान बंद कर स्कूटी से घर लौट रहे थे। घर पहुंचने से महज 100 मीटर पहले बाइक सवार दो बदमाशों ने उनका पीछा किया और गले में गोली मार दी। गोली लगते ही योगेंद्र सड़क पर गिर पड़े। बदमाशों ने उनके पास रखे सोने-चांदी से भरे बैग को छीन लिया और संकरी गलियों से फरार हो गए।
घटना स्थल नदबई के नगर तिराहे पर स्थित योगेंद्र की ज्वेलरी दुकान से करीब 400 मीटर दूर था। वे सालों से एक ही रूट और एक ही समय (शाम करीब 7:15-7:30 बजे) दुकान से घर आते-जाते थे। सुबह जेवरात का बैग लेकर दुकान जाते और शाम को बैग लेकर लौटते थे। पुलिस और परिजनों के अनुसार, यह वारदात पूरी तरह प्लान्ड लग रही है।
ज्वेलर की पत्नी शालू का बयान
योगेंद्र की पत्नी शालू ने बताया कि हमलावर पहले से ही उनके पति की रेकी कर रहे थे। उन्हें ठीक-ठीक पता था कि योगेंद्र रोजाना किस समय दुकान बंद करते हैं, किस रास्ते से घर जाते हैं और उनके पास कीमती जेवरात रहते हैं। घटना से एक दिन पहले भी उनके घर के सामने दो युवक खड़े थे, जो घर की तरफ देखकर फोन पर बात कर रहे थे। शालू को उन पर शक हुआ था, लेकिन उन्होंने नजरअंदाज कर दिया।
छोटे भाई रूपेश चौपड़ा का खुलासा
योगेंद्र के छोटे भाई रूपेश चौपड़ा ने बताया कि बड़े भाई की दिनचर्या पूरी तरह फिक्स थी। नगर तिराहे वाली दुकान घर से सिर्फ 400 मीटर दूर थी। बदमाशों ने उनकी रूटीन, आने-जाने के समय और रास्ते की पूरी जानकारी जुटा ली थी और फिर सटीक प्लानिंग के साथ हमला किया।
विधायक जगत सिंह का बयान: "खून का बदला खून से लेंगे"
घटना की सूचना मिलते ही रात 12 बजे नदबई विधायक कुंवर जगत सिंह मौके पर पहुंचे। उन्होंने लोगों से जानकारी ली और कहा- "ये नहीं होना चाहिए था। ढील मेरी रही है, हमें सचेत रहना चाहिए था।" विधायक ने बताया कि पिछले 18 महीनों में इलाके में 4-5 छोटी-मोटी वारदातें हुई हैं, लेकिन पहली बार किसी की हत्या हुई है। उन्होंने सख्त लहजे में कहा कि "खून का बदला खून से लेंगे"।
व्यापारियों और स्थानीय लोगों का गुस्सा
जैसे ही ज्वेलर को गोली लगने की खबर फैली, बड़ी संख्या में व्यापारी और कस्बे के लोग अस्पताल पहुंच गए। उन्होंने प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। लोगों ने शव को स्ट्रेचर पर रखकर मुख्य बाजार से रैली निकाली और थाने के सामने पहुंचकर आरोपियों की तुरंत गिरफ्तारी की मांग की।
प्रदर्शन को देखते हुए नदबई, लखनपुर, उच्चैन समेत आसपास के थानों से अतिरिक्त पुलिस फोर्स बुलाई गई। पुलिस के आश्वासन के बाद परिजन पोस्टमॉर्टम के लिए तैयार हुए। गुरुवार सुबह 7:30 बजे FSL टीम मौके पर पहुंची और सबूत जुटाए।
सर्व समाज और व्यापारियों की मांगें
शव का पोस्टमॉर्टम पूरा होने के बाद सर्व समाज और व्यापारियों ने SDM सचिन यादव को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। उनकी मुख्य मांगें हैं: 72 घंटे के अंदर हत्यारों की गिरफ्तारी, पीड़ित परिवार को न्याय, सरकारी नौकरी और आर्थिक मुआवजा, मृतक के बेटे को सरकारी मेडिकल कॉलेज में MBBS में प्रवेश, अगर 72 घंटे में मांगें पूरी नहीं हुईं तो अनिश्चितकालीन बाजार बंद और आमरण अनशन करने की चेतावनी दी गई है।
पुलिस की कार्रवाई
नदबई थाना प्रभारी और सीओ अमर सिंह राठौड़ ने बताया कि योगेंद्र के छोटे भाई रूपेश ने शिकायत दर्ज कराई है। मामले में FIR दर्ज कर ली गई है। सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं, कई टीमों का गठन किया गया है। पुलिस ने दावा किया है कि जल्द ही मामले का खुलासा कर आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।यह घटना नदबई कस्बे में सनसनी फैलाए हुए है। स्थानीय व्यापारी अब सुरक्षा को लेकर चिंतित हैं और प्रशासन से सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। पुलिस जांच में जुटी हुई है और बदमाशों की तलाश जारी है।