राजस्थान के बॉर्डर गांव अब बनेंगे 'वाइब्रेंट', बिना परमिशन के होगा विकास: केंद्रीय मंत्री का बड़ा ऐलान
केंद्रीय पर्यटन मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने बाड़मेर में घोषणा की कि राजस्थान के पाकिस्तान से सटे सीमावर्ती गांवों में अब बिना परमिशन के विकास कार्य होंगे। वाइब्रेंट विलेज प्रोग्राम को विस्तार देते हुए केंद्र सरकार ने बॉर्डर टूरिज्म और इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट को बढ़ावा देने का फैसला किया है। इसके साथ ही, राजस्थान के पर्यटन प्रस्तावों को मंजूरी दी गई है, जिसमें खाटूश्याम, तनोट माता और देशनोक माता मंदिर शामिल हैं। पीएम मोदी के नेतृत्व में 50 आइकॉनिक डेस्टिनेशन विकसित करने की योजना में राजस्थान को भी शामिल किया जाएगा।
बाड़मेर, 8 अप्रैल 2025: राजस्थान के सीमावर्ती गांवों के लिए एक नई सुबह की शुरुआत हो रही है। केंद्रीय पर्यटन मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने सोमवार को बाड़मेर में घोषणा की कि अब पाकिस्तान से सटी सीमा के गांवों में विकास कार्यों के लिए किसी ऑफिशियल परमिशन की जरूरत नहीं होगी। केंद्र सरकार ने वाइब्रेंट विलेज प्रोग्राम को पाकिस्तान और बांग्लादेश की सीमाओं तक विस्तारित करने का फैसला किया है, जिसके तहत इन गांवों में स्वचालित रूप से टूरिज्म और इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट का काम शुरू होगा।
वाइब्रेंट विलेज प्रोग्राम का विस्तार
