सड़क हादसे में युवक की मौत: परिजनों ने प्राइवेट कंपनी पर लगाए लापरवाही के गंभीर आरोप, आर्थिक मुआवजा और नौकरी की मांग को लेकर धरना शुरू
बाड़मेर के शिव क्षेत्र में स्टेट हाईवे 65 पर बाइक और स्कूटी की टक्कर से प्राइवेट कंपनी में काम करने वाले युवक सैणीदान की मौत हो गई। परिजनों ने कंपनी पर सुरक्षित परिवहन न देने का आरोप लगाते हुए आर्थिक मुआवजा और नौकरी की मांग को लेकर धरना शुरू कर दिया।
बाड़मेर/शिव। राजस्थान के बाड़मेर जिले में एक दिल दहला देने वाली सड़क दुर्घटना ने एक युवक की जान ले ली, जबकि दो अन्य व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गए। यह हादसा स्टेट हाईवे 65 पर बाइक और स्कूटी के बीच जबरदस्त टक्कर के कारण हुआ। घटनास्थल भियांड श्री शक्ति पेट्रोल पंप के पास, शिव तहसील क्षेत्र में है। मृतक युवक एक प्राइवेट कंपनी में कार्यरत था, और उसके परिजनों ने कंपनी प्रबंधन पर लापरवाही का गंभीर आरोप लगाते हुए न केवल न्याय की गुहार लगाई है, बल्कि आर्थिक मुआवजे और नौकरी की मांग को लेकर धरना भी शुरू कर दिया है। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर मामले की जांच शुरू कर दी है, लेकिन परिजनों का गुस्सा थमने का नाम नहीं ले रहा।
हादसे का पूरा विवरण: टक्कर इतनी जोरदार कि बाइक सवार युवक की मौके पर ही मौत घटना गुरुवार शाम को करीब 6 बजे के आसपास की बताई जा रही है। मृतक युवक, जिनका नाम सैणीदान जोरानाड़ा (उम्र लगभग 28 वर्ष) था, कंपनी यूनियर के यार्ड से अपनी बाइक पर घर लौट रहे थे। वे जोरानाड़ा गांव के निवासी थे। तभी स्टेट हाईवे 65 पर भियांड श्री शक्ति पेट्रोल पंप के पास एक स्कूटी ने उनकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी तेज थी कि बाइक सवार मौके पर ही गंभीर रूप से घायल हो गए और कुछ ही देर में उनकी मौत हो गई।दूसरी ओर, स्कूटी पर सवार दो व्यक्ति भी इस हादसे में बुरी तरह जख्मी हो गए। इनमें एक युवक और एक महिला शामिल बताए जा रहे हैं। घायलों को तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उनकी स्थिति को देखते हुए बाड़मेर जिला अस्पताल के लिए रेफर कर दिया गया। डॉक्टरों के अनुसार, दोनों घायलों की हालत गंभीर बनी हुई है, और वे अभी भी निगरानी में हैं।मौके पर पहुंची बाड़मेर पुलिस की टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए मृतक का शव पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल की मोर्चरी में रखवा दिया। पुलिस ने स्कूटी चालक के खिलाफ लापरवाही से वाहन चलाने का मामला दर्ज कर लिया है। प्रारंभिक जांच में पता चला है कि स्कूटी की तेज रफ्तार और हाईवे पर अचानक मुड़ने की कोशिश हादसे का मुख्य कारण रही। हालांकि, पुलिस ने विस्तृत जांच के बाद ही पूरी रिपोर्ट जारी करने की बात कही है।
परिजनों का गुस्सा फूटा: प्राइवेट कंपनी पर लापरवाही का आरोप, धरना और मांगें मृतक सैणीदान के परिजन इस हादसे से बेहद आहत हैं। वे बताते हैं कि वह एक प्राइवेट कंपनी में मजदूर के रूप में काम करता था। परिजनों का आरोप है कि कंपनी प्रबंधन ने युवक को सुरक्षित वाहन उपलब्ध नहीं कराया था। वे कहते हैं, "कंपनी की ओर से बाइक पर ही काम के लिए भेजा जाता था, जबकि हाईवे पर यातायात का दबाव रहता है। अगर कंपनी ने ड्यूटी वैन या सुरक्षित परिवहन की व्यवस्था की होती, तो शायद यह हादसा न होता। यह पूरी तरह से कंपनी की लापरवाही है। मां ने रोते हुए बताया, "मेरा इकलौता बेटा था, जो परिवार का सहारा था। वह रोज सुबह उठकर कंपनी जाता था और शाम को थकान के बावजूद मुस्कुराता हुआ लौटता। अब कौन हमारा खर्चा चला पाएगा?" परिजनों ने कंपनी के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। उन्होंने हादसे वाली जगह पर ही धरना शुरू कर दिया है, जिसमें ग्रामीणों का भी समर्थन मिल रहा है।