CBSE ऑन-स्क्रीन मार्किंग विवाद पर सियासत तेज, जयराम रमेश ने शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा मांगा
CBSE की ऑन-स्क्रीन मार्किंग (OSM) प्रणाली को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने साइबर सुरक्षा, टेंडर प्रक्रिया और COEMPT कंपनी को लेकर गंभीर सवाल उठाते हुए केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की है। वहीं CBSE ने सभी आरोपों को भ्रामक और तथ्यहीन बताया है।
केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) की ऑन-स्क्रीन मार्किंग (OSM) प्रणाली को लेकर उठे विवाद ने अब राजनीतिक रूप ले लिया है। परीक्षा मूल्यांकन प्रक्रिया में कथित साइबर सुरक्षा खामियों और डिजिटल मूल्यांकन प्रणाली को लेकर कांग्रेस नेता एवं पूर्व केंद्रीय मंत्री जयराम रमेश ने केंद्र सरकार और शिक्षा मंत्रालय पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया है कि CBSE ने आखिरकार यह स्वीकार कर लिया है कि उसकी ऑन-स्क्रीन मार्किंग प्रणाली में सुरक्षा संबंधी समस्याएं थीं।
क्या है पूरा मामला?
CBSE ने बोर्ड परीक्षाओं की उत्तर पुस्तिकाओं के डिजिटल मूल्यांकन के लिए ऑन-स्क्रीन मार्किंग (OSM) प्रणाली लागू की थी। इस प्रणाली के जरिए परीक्षकों द्वारा उत्तर पुस्तिकाओं का ऑनलाइन मूल्यांकन किया जाता है। हाल ही में इस सिस्टम की साइबर सुरक्षा और डेटा सुरक्षा को लेकर सवाल उठे, जिसके बाद मामला चर्चा में आ गया।
कांग्रेस का आरोप है कि इस व्यवस्था में गंभीर तकनीकी और सुरक्षा खामियां थीं, जिससे मूल्यांकन प्रक्रिया प्रभावित हो सकती थी और लाखों छात्रों के भविष्य पर असर पड़ सकता था।