बाड़मेर के महिला मंडल एनजीओ पर ईडी की बड़ी कार्रवाई: करोड़ों की विदेशी फंडिंग पर संदेह, दस्तावेजों की हो रही छानबीन

बाड़मेर की इंद्रा कॉलोनी में स्थित महिला मंडल आंगन एनजीओ के दफ्तर पर ईडी ने छापा मारा। संस्थान पर विदेश से करोड़ों रुपये की फंडिंग एफसीआरए नियमों के उल्लंघन में लेने का शक है। चार जिलों में काम करने वाले इस एनजीओ के दस्तावेज जब्त कर पूछताछ जारी है।

Mohit Parihar
Mohit Parihar Verified Public Figure • 11 Jun, 2026 Sub Editor
December 1, 2025 • 1:16 PM  1.2k
राजस्थान
NEWS CARD
Logo
बाड़मेर के महिला मंडल एनजीओ पर ईडी की बड़ी कार्रवाई: करोड़ों की विदेशी फंडिंग पर संदेह, दस्तावेजों की हो रही छानबीन
“बाड़मेर के महिला मंडल एनजीओ पर ईडी की बड़ी कार्रवाई: करोड़ों की विदेशी फंडिंग पर संदेह, दस्तावेजों की हो रही छानबीन”
Favicon
Read more on thekhatak.com
1 Dec 2025
https://thekhatak.com/ed-raid-on-barmer-mahila-mandal-ngo-foreign-funding-probe
Google News
Copied
बाड़मेर के महिला मंडल एनजीओ पर ईडी की बड़ी कार्रवाई: करोड़ों की विदेशी फंडिंग पर संदेह, दस्तावेजों की हो रही छानबीन

बाड़मेर, 1 दिसंबर 2025: राजस्थान के बाड़मेर जिले में महिलाओं के उत्थान और सामाजिक कार्यों के लिए जाना-पहचाना संस्थान 'महिला मंडल आंगन' पर सोमवार सुबह प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने अचानक छापेमारी की। यह कार्रवाई शहर की इंद्रा कॉलोनी में स्थित संस्थान के मुख्य कार्यालय पर केंद्रित रही, जहां ईडी की टीम ने घंटों तक दस्तावेजों और रिकॉर्ड्स की बारीकी से जांच की। प्रारंभिक जांच में संदेह जताया गया है कि संस्थान को विदेशी स्रोतों से करोड़ों रुपये की फंडिंग प्राप्त हुई है, जो संभवतः विदेशी अंशदान विनियमन अधिनियम (एफसीआरए) के उल्लंघन का मामला हो सकता है।

संस्थान का पृष्ठभूमि और कार्यक्षेत्र महिला मंडल आंगन एक गैर-सरकारी संगठन (एनजीओ) है, जो मुख्य रूप से ग्रामीण और शहरी महिलाओं के सशक्तिकरण, शिक्षा, स्वास्थ्य और आर्थिक स्वावलंबन पर केंद्रित है। स्थापना के बाद से यह संस्थान बाड़मेर के अलावा जोधपुर, जैसलमेर और बालोतरा समेत चार जिलों में सक्रिय रूप से काम कर रहा है। यहां महिलाओं को सिलाई-कढ़ाई प्रशिक्षण, स्वरोजगार योजनाओं के तहत ऋण वितरण, बाल विवाह रोकथाम और पर्यावरण संरक्षण जैसे कार्यक्रम चलाए जाते हैं। संस्थान का दावा है कि यह सरकारी योजनाओं के साथ मिलकर काम करता है और हजारों महिलाओं को लाभ पहुंचा चुका है। हालांकि, ईडी की जांच में सामने आया है कि संस्थान की गतिविधियां केवल सामाजिक कार्य तक सीमित नहीं रह गईं, बल्कि कुछ अनियमित वित्तीय लेन-देन भी शामिल हो सकते हैं।ईडी रेड का कारण: विदेशी फंडिंग पर सवालईडी की इस कार्रवाई का मुख्य कारण संस्थान को प्राप्त होने वाली बाहरी फंडिंग पर उठे संदेह हैं। सूत्रों के अनुसार, जांच एजेंसी को जानकारी मिली थी कि महिला मंडल आंगन को अमेरिका, यूरोपियन यूनियन और कुछ एशियाई देशों से जुड़े फंडिंग एजेंसियों से करीब 5 से 10 करोड़ रुपये की राशि प्राप्त हुई है। यह फंडिंग कथित तौर पर 'महिला सशक्तिकरण प्रोजेक्ट्स' के नाम पर आई, लेकिन इसके उपयोग और स्रोत पर पारदर्शिता की कमी पाई गई। ईडी का मानना है कि यह धनराशि एफसीआरए नियमों का पालन किए बिना ट्रांसफर की गई, जो मनी लॉन्ड्रिंग और हवाला जैसे अवैध गतिविधियों से जुड़ी हो सकती है।इसके अलावा, संस्थान के बैंक खातों, लेजर रजिस्टर और प्रोजेक्ट रिपोर्ट्स में असंगतियां मिली हैं। जांच में यह भी सामने आया कि फंडिंग का एक हिस्सा गैर-लाभकारी गतिविधियों के बजाय व्यक्तिगत लाभ के लिए उपयोग किया गया हो सकता है। ईडी अधिकारियों ने बताया कि यह छापेमारी एक लंबी निगरानी का नतीजा है, जिसमें इंटेलिजेंस इनपुट्स के आधार पर कार्रवाई की गई।

छापेमारी की प्रक्रिया और वर्तमान स्थिति सुबह करीब 7 बजे ईडी की टीम ने इंद्रा कॉलोनी स्थित दो मंजिला कार्यालय पर पहुंचकर दाखिल होना शुरू किया। टीम में करीब 8-10 अधिकारी शामिल थे, जिन्होंने संस्थान के निदेशक, लेखाकार और अन्य स्टाफ को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया। दस्तावेजों के अलावा, कंप्यूटर हार्ड डिस्क, मोबाइल फोन और फाइलों को जब्त किया गया। छापेमारी करीब 6 घंटे चली, और दोपहर तक टीम ने प्रारंभिक रिपोर्ट तैयार कर ली।संस्थान के निदेशक ने प्रारंभिक बयान में कहा, "हमारा संगठन पूरी तरह पारदर्शी है और सभी फंडिंग सरकारी अनुमति से प्राप्त हुई है। यह कार्रवाई राजनीतिक साजिश का हिस्सा लगती है।" वहीं, ईडी के जोधपुर जोनल डायरेक्टर ने कहा, "हम केवल तथ्यों की जांच कर रहे हैं। यदि कोई अनियमितता साबित हुई, तो कड़ी कार्रवाई होगी।"

Mohit Parihar Verified Public Figure • 11 Jun, 2026 Sub Editor

Mohit Parihar is a journalist at The Khatak, covering politics and public issues with a strong focus on ground reporting and factual storytelling.

Digital Archives

home Home amp_stories Web Stories local_fire_department Trending play_circle Videos mark_email_unread Newsletter