मैं डॉक्टर हूं, लिफ्ट दो... उज्जैन की शातिर महिला ने 27 लोगों को हनी ट्रैप में फंसाया
तृषा खान उर्फ तृषा राठौर को हनी ट्रैप के जरिए 15 लोगों से ठगी करने के आरोप में शिवाजी पार्क पुलिस ने गिरफ्तार किया। वह लिफ्ट मांगकर ब्लैकमेल करती थी और बलात्कार का झूठा केस दर्ज करने की धमकी देकर रुपये ऐंठती थी।
राजस्थान के अलवर जिले में एक सनसनीखेज हनी ट्रैप मामले का खुलासा हुआ है। शिवाजी पार्क थाना पुलिस ने एक ऐसी शातिर महिला को गिरफ्तार किया है, जो महंगी गाड़ियों में सवार लोगों को अपने जाल में फंसाकर लाखों रुपये की ठगी करती थी। यह महिला खुद को डॉक्टर बताकर लिफ्ट मांगती थी और फिर ब्लैकमेल कर पैसे ऐंठती थी। पुलिस के अनुसार, इस महिला ने अलवर में कम से कम 15 लोगों को अपना शिकार बनाया है।
कैसे बिछाती थी हनी ट्रैप का जाल?
थाना प्रभारी विनोद सामरिया ने बताया कि यह महिला मध्य प्रदेश के उज्जैन के नानाखेड़ा स्थित एकता नगर कॉलोनी की रहने वाली है। वह अलग-अलग नामों जैसे तृषा खान और तृषा राठौर उर्फ डॉक्टर तृषा राठौर के नाम से लोगों को ठगती थी। उसका तरीका बड़ा ही चालाकी भरा था। वह महंगी गाड़ियों में सवार लोगों के सामने आकर लिफ्ट मांगती थी। लिफ्ट के दौरान वह अपनी बातों से शिकार को प्रभावित करती थी और उनका मोबाइल नंबर हासिल कर लेती थी। इसके बाद वह फोन कॉल और मैसेज के जरिए बातचीत शुरू करती थी।
कुछ समय बाद वह अपने शिकार को बलात्कार का झूठा मुकदमा दर्ज कराने की धमकी देती थी। डर और सामाजिक बदनामी के भय से लोग उसकी मांगों को मान लेते थे और पैसे दे देते थे। पुलिस के अनुसार, यह महिला पिछले 20 सालों से इस तरह की ठगी में लिप्त थी और जयपुर के कई थानों में इसके खिलाफ 14 मुकदमे दर्ज हैं।