दिल्ली ब्लास्ट: आतंकी डॉक्टर उमर नबी का घर धमाके से उड़ा, 600+ संदिग्ध हिरासत में – कश्मीर से दिल्ली तक फैला खौफनाक नेटवर्क उजागर!
दिल्ली लाल किला ब्लास्ट के मुख्य आरोपी आतंकी डॉ. उमर नबी की डीएनए से पुष्टि के बाद सुरक्षा बलों ने पुलवामा में उसके घर को IED से उड़ा दिया। 500+ स्थानों पर छापे, 600+ संदिग्ध हिरासत में। अल-फलाह यूनिवर्सिटी से जुड़े डॉक्टर-प्रोफेसर गिरफ्तार, 32 कारों से 6 दिसंबर को बड़े हमले की साजिश नाकाम। ED आज यूनिवर्सिटी पर छापा मारेगी।
नई दिल्ली/श्रीनगर: दिल्ली के लाल किले के पास सोमवार शाम हुए भयानक कार ब्लास्ट ने पूरे देश को हिला दिया था। 13 मासूमों की जान लेने वाले इस दर्दनाक हमले की जांच में अब सनसनीखेज खुलासे हो रहे हैं। मुख्य आरोपी डॉक्टर उमर उन-नबी का शव ब्लास्ट साइट से ही बरामद हो चुका है, और गुरुवार रात सुरक्षा बलों ने जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में उसके पैतृक घर को आईईडी (इम्प्रोवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस) से उड़ा दिया। यह कार्रवाई न सिर्फ आतंकी नेटवर्क को तोड़ने का संदेश है, बल्कि जांच एजेंसियों की तेजी का भी प्रमाण। आज शुक्रवार को प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) फरीदाबाद की अल-फलाह यूनिवर्सिटी पहुंच रही है, जहां से इस साजिश की जड़ें जुड़ी बताई जा रही हैं। आइए, जानते हैं इस मामले की पूरी सच्चाई – बिना किसी अतिशयोक्ति के, सिर्फ तथ्यों के साथ।
ब्लास्ट का खौफनाक मंजर: क्या हुआ था 10 नवंबर को?
दिल्ली के पुराने शहर में लाल किले के नजदीक ट्रैफिक सिग्नल पर एक सफेद हुंडई i20 कार अचानक धमाके से उड़ गई। शाम करीब 6:52 बजे हुए इस विस्फोट में 13 लोग मारे गए, जिनमें महिलाएं और बच्चे शामिल थे। 20 से ज्यादा लोग घायल हुए, जबकि आसपास की गाड़ियां और इमारतें बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गईं। ब्लास्ट इतना जोरदार था कि कार के परखच्चे सड़क पर बिखर गए, और धुआं-धुंध में पूरा इलाका घंटों तक अंधेरे में डूबा रहा। शुरुआती जांच में पता चला कि कार में अमोनियम नाइट्रेट जैसे विस्फोटक पदार्थ भरे थे, जो आईईडी की तरह इस्तेमाल किए गए। यह हमला एक सुनियोजित फिदायीन अटैक था, जहां चालक ने खुद को उड़ा लिया।