ग्रीन लाइन (सियालदह-एस्प्लेनेड): 2.45 किलोमीटर लंबा यह खंड भारत की पहली अंडरवाटर मेट्रो का हिस्सा है, जो हुगली नदी के नीचे से गुजरता है। यह सियालदह और हावड़ा जैसे व्यस्त रेलवे टर्मिनस को जोड़ेगा, जिससे यात्रा का समय 40 मिनट से घटकर मात्र 11 मिनट रह जाएगा। इस लाइन से कोलकाता के मध्य भाग में भीड़भाड़ कम होगी और यात्रियों को तेज और आरामदायक सफर मिलेगा।
ऑरेंज लाइन (हेमंत मुखोपाध्याय-बेलेघाटा): 4.4 किलोमीटर लंबा यह खंड शहर के आईटी हब, साइंस सिटी, अस्पतालों और व्यावसायिक केंद्रों को बेहतर कनेक्टिविटी प्रदान करेगा। यह कोलकाता के व्यस्त इलाकों में आवागमन को आसान बनाएगा और रोजगार क्षेत्रों तक पहुंच को सुगम करेगा।
कोना एक्सप्रेसवे का शिलान्यास
प्रधानमंत्री ने 1,200 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले 7.2 किलोमीटर लंबे छह-लेन कोना एक्सप्रेसवे की आधारशिला भी रखी। यह एक्सप्रेसवे हावड़ा, कोलकाता और आसपास के ग्रामीण इलाकों को जोड़ेगा, जिससे राष्ट्रीय राजमार्ग 16 और 19 पर यातायात का दबाव कम होगा। यह परियोजना व्यापार, वाणिज्य और पर्यटन को बढ़ावा देगी।
अन्य महत्वपूर्ण बिंदु
परियोजनाओं की लागत: इन मेट्रो लाइनों और अन्य परियोजनाओं की कुल लागत 5,200 करोड़ रुपये से अधिक है।
यात्रियों को लाभ: इन नई मेट्रो लाइनों से रोजाना 9 लाख से अधिक यात्रियों को लाभ मिलने की उम्मीद है। इससे सड़कों पर ट्रैफिक जाम कम होगा और यात्रा अधिक सुविधाजनक होगी।
ममता बनर्जी की अनुपस्थिति: पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने इस उद्घाटन समारोह में हिस्सा नहीं लिया। एक वरिष्ठ अधिकारी के अनुसार, यह निर्णय बीजेपी शासित राज्यों में बंगाली प्रवासियों के साथ कथित भेदभाव के कारण लिया गया। ममता बनर्जी ने रेल मंत्री रहते इन मेट्रो परियोजनाओं की मूल परिकल्पना की थी।
ऐतिहासिक उपलब्धि: ग्रीन लाइन का सियालदह-एस्प्लेनेड खंड भारत की पहली अंडरवाटर मेट्रो का हिस्सा है, जो हावड़ा मैदान को साल्ट लेक सेक्टर 5 से जोड़ता है। यह कोलकाता मेट्रो नेटवर्क को 73 किलोमीटर तक विस्तारित करता है।
PM मोदी का योगदान
प्रधानमंत्री ने जेसोर रोड मेट्रो स्टेशन से नोआपारा-जय हिंद विमानबंदर मेट्रो सेवा को हरी झंडी दिखाई और इस रूट पर मेट्रो की सवारी भी की। उन्होंने हावड़ा मेट्रो स्टेशन पर एक नवनिर्मित सबवे का भी उद्घाटन किया। अपने संबोधन में, पीएम मोदी ने कहा कि ये परियोजनाएं कोलकाता के विकास और ‘विकसित भारत’ के दृष्टिकोण को साकार करने में महत्वपूर्ण कदम हैं। उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि कोलकाता के लोगों के बीच आना उनके लिए हमेशा खुशी की बात होती है।
प्रभाव और महत्व
इन मेट्रो लाइनों के शुरू होने से कोलकाता के व्यस्त इलाकों जैसे हावड़ा, सियालदह, सेक्टर-5 और हवाई अड्डे के बीच कनेक्टिविटी में सुधार होगा। यह न केवल दैनिक यात्रियों के लिए सुविधाजनक होगा, बल्कि आगामी दुर्गा पूजा के दौरान पर्यटकों और श्रद्धालुओं को भी लाभ मिलेगा। कोलकाता मेट्रो का यह विस्तार शहर की परिवहन व्यवस्था को आधुनिक बनाने और ट्रैफिक जाम से राहत दिलाने की दिशा में एक बड़ा कदम है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का यह दौरा कोलकाता के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने और शहर को विश्वस्तरीय परिवहन सुविधाओं से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण है। इन परियोजनाओं से न केवल यात्रा का समय बचेगा, बल्कि आर्थिक गतिविधियों को भी बढ़ावा मिलेगा, जिससे कोलकाता और पश्चिम बंगाल के विकास को नई गति मिलेगी।