आसाराम को हाईकोर्ट से बड़ा झटका: उम्रकैद की सजा बरकरार, दिल्ली से जोधपुर पहुंचकर करेंगे सरेंडर
नाबालिग से यौन उत्पीड़न मामले में उम्रकैद की सजा काट रहे आसाराम को राजस्थान हाईकोर्ट से बड़ा कानूनी झटका लगा है। हाईकोर्ट ने निचली अदालत की सजा को बरकरार रखते हुए तत्काल सरेंडर के आदेश दिए, जिसके बाद आसाराम दिल्ली से जोधपुर पहुंच गए हैं और अब उन्हें फिर से सेंट्रल जेल भेजा जा रहा है।
नाबालिग से यौन उत्पीड़न के मामले में दोषी करार दिए गए स्वयंभू धर्मगुरु आसाराम एक बार फिर जोधपुर सेंट्रल जेल की सलाखों के पीछे पहुंचने वाले हैं। राजस्थान हाईकोर्ट की जोधपुर मुख्यपीठ से बड़ा कानूनी झटका मिलने के बाद गुरुवार को आसाराम दिल्ली से एयर इंडिया की फ्लाइट के जरिए जोधपुर पहुंचे। अदालत के आदेश के अनुसार एयरपोर्ट से सीधे उन्हें जोधपुर सेंट्रल जेल ले जाया जा रहा है, जहां वे जेल प्रशासन के सामने औपचारिक रूप से सरेंडर करेंगे।
हाईकोर्ट ने बरकरार रखी उम्रकैद की सजा
राजस्थान हाईकोर्ट की डबल बैंच ने बुधवार को इस बहुचर्चित मामले में अपना अहम फैसला सुनाया था। जस्टिस अरुण मोंगा और जस्टिस योगेंद्र कुमार पुरोहित की खंडपीठ ने निचली अदालत द्वारा सुनाई गई “अंतिम सांस तक आजीवन कारावास” की सजा को पूरी तरह बरकरार रखा।
हालांकि अदालत ने आसाराम को आंशिक राहत देते हुए सामूहिक दुष्कर्म से जुड़ी कुछ धाराओं से बरी किया, लेकिन मुख्य आरोपों में दी गई उम्रकैद की सजा में किसी भी प्रकार की राहत देने से साफ इनकार कर दिया। कोर्ट ने स्पष्ट निर्देश दिए कि आसाराम तुरंत सरेंडर करें और जेल प्रशासन के समक्ष पेश हों।