मानसून ने उजागर की जयपुर की बदहाली, सड़कें धंसी, जनता परेशान
जयपुर में मानसून की पहली बारिश ने जेडीए और नगर निगमों की तैयारियों की पोल खोल दी। हल्की बारिश से सड़कें धंसीं, जलभराव हुआ और यातायात बाधित रहा। न्यू सांगानेर रोड, मालवीय नगर और खिरनी फाटक जैसे इलाकों में हालात बदतर हुए। नालों की अधूरी सफाई और खुले गड्ढों ने लोगों की मुश्किलें बढ़ाईं। प्रशासन की लापरवाही से निवासियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
जयपुर विकास प्राधिकरण (जेडीए) और जयपुर के दोनों नगर निगमों (जेएमसी-ग्रेटर और जेएमसी-हैरिटेज) की मानसून तैयारियों के दावे गुरुवार को हल्की बारिश के साथ ही धराशायी हो गए। शहर में जलभराव, सड़कों का धंसना और यातायात अवरुद्ध होने की घटनाओं ने प्रशासन की कमियों को उजागर कर दिया। इससे निवासियों और यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
न्यू सांगानेर रोड पर गंगा-जमुना पेट्रोल पंप के पास नई बनी सड़क ढह गई, जिससे एक बड़ा गड्ढा बन गया। इससे कई घंटों तक यातायात बाधित रहा। मंगलवार और बुधवार को हुई बारिश में भी मालवीय नगर के मुख्य मार्ग और सेक्टर-5 में सड़कें धंसने की घटनाएं सामने आई थीं।
जेडीए के कार्यकारी अभियंता देवेंद्र गुप्ता ने दावा किया कि सड़क ठीक बनाई गई थी, लेकिन पाइपलाइन के काम के कारण नुकसान हुआ। वहीं, जेएमसी-ग्रेटर के कार्यकारी अभियंता मदन मोहन शर्मा ने बिजली और पाइपलाइन विभागों की बार-बार खुदाई को सड़क धंसने का कारण बताया। दोनों विभाग एक-दूसरे पर दोषारोपण कर जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ रहे हैं।