NEET 2020 घोटाला: जयपुर के सचिन ने भाई अजीत को बनाया डमी कैंडिडेट, AIIMS जोधपुर में खुला फर्जीवाड़ा
जयपुर के चोमू निवासी सचिन गोरा ने नीट 2020 में अपने भाई अजीत को डमी कैंडिडेट बनाकर धोखाधड़ी की। सचिन ने अपने नाम से रजिस्ट्रेशन कर अजीत की फोटो लगाई, जिससे अजीत ने परीक्षा दी और सचिन जोधपुर AIIMS में MBBS करने लगा। चार साल बाद परिजन की शिकायत पर जयपुर पुलिस ने सचिन को जोधपुर AIIMS हॉस्टल से हिरासत में लिया। पुलिस अब इस फर्जीवाड़े की जांच कर रही है, जो शिक्षा व्यवस्था की कमजोरियों को उजागर करता है।
जयपुर, राजस्थान: शिक्षा के क्षेत्र में एक बार फिर से धोखाधड़ी की सनसनीखेज खबर ने सुर्खियां बटोर ली हैं। साल 2020 की नीट (NEET) परीक्षा में लाखों छात्रों ने हिस्सा लिया था, लेकिन जयपुर के चोमू क्षेत्र के रहने वाले सचिन गोरा ने अपने चतुर दिमाग से एक ऐसी साजिश रची, जिसने शिक्षा जगत को हिलाकर रख दिया। यह कहानी जोधपुर के प्रतिष्ठित अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (AIIMS) से जुड़ी है, जहां सचिन ने अपने भाई अजीत गोरा को डमी कैंडिडेट बनाकर नीट परीक्षा पास कराई और खुद MBBS की पढ़ाई करने लगा।
फर्जीवाड़े की सुनियोजित साजिश
सचिन ने नीट 2020 की परीक्षा में हिस्सा लेने के लिए रजिस्ट्रेशन फॉर्म में अपने नाम और अन्य विवरण तो भरे, लेकिन फोटो के स्थान पर अपने भाई अजीत की तस्वीर लगा दी। इस साजिश के तहत परीक्षा केंद्र पर सचिन की जगह अजीत ने परीक्षा दी। दोनों भाइयों की इस चालाकी ने परीक्षा प्रणाली को धोखा देने में कोई कसर नहीं छोड़ी। अजीत ने सचिन की जगह परीक्षा दी और नीट पास कर लिया, जिसके बाद सचिन को जोधपुर AIIMS में MBBS कोर्स में दाखिला मिल गया।