पीले चावल लेकर जिला कलेक्टर टीना डाबी पहुंची घर के बाहर, थार महोत्सव का दिया न्यौता

बाड़मेर में 8-9 अक्टूबर को थार महोत्सव का आयोजन होगा, जहां जिला कलेक्टर टीना डाबी ने घर-घर जाकर पीले चावल से निमंत्रण देकर कला, संस्कृति और पर्यटन को बढ़ावा देने की अपील की। आदर्श स्टेडियम, किराडू मंदिर और महाबार धोरों पर भव्य कार्यक्रम होंगे।

Ashok Shera
Ashok Shera Official | Verified Expert • 11 Jun, 2026 Editor
October 7, 2025 • 11:06 AM  24
राजस्थान
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पीले चावल लेकर जिला कलेक्टर टीना डाबी पहुंची घर के बाहर, थार महोत्सव का दिया न्यौता
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पीले चावल लेकर जिला कलेक्टर टीना डाबी पहुंची घर के बाहर, थार महोत्सव का दिया न्यौता

बाड़मेर में थार महोत्सव की धूम: कलेक्टर टीना डाबी ने पीले चावल से दी घर-घर निमंत्रण, कला-संस्कृति और पर्यटन को मिलेगा नया आयाम

बाड़मेर, 7 अक्टूबर 2025: राजस्थान के रेगिस्तानी जिले बाड़मेर में एक अनोखी परंपरा ने थार महोत्सव का उत्साह दोगुना कर दिया। आज मंगलवार सुबह जिला कलेक्टर टीना डाबी ने स्वयं शहर के विभिन्न इलाकों में घर-घर जाकर पीले चावल (हल्दी मिश्रित चावल) बनवाकर वितरित किए और 8-9 अक्टूबर को होने वाले दो दिवसीय थार महोत्सव में भाग लेने का निमंत्रण दिया। जिला कलेक्टर टीना डाबी ने राजस्थानी रीति-रिवाज के अनुसार महिलाओं और युवाओं से विशेष बातचीत की। उन्होंने कहा, "पीले चावल हमारी सांस्कृतिक एकता के प्रतीक है। थार महोत्सव हम सबका उत्सव बने, इसके लिए मैं खुद आपके द्वार पर हूं।" इस पहल ने स्थानीय लोगों में जोश भर दिया, और सोशल मीडिया पर वायरल हो रही तस्वीरों ने महोत्सव की प्रतीक्षा को और रोमांचक बना दिया।इस निमंत्रण अभियान के साथ ही थार महोत्सव की तैयारियां पूरी हो चुकी हैं, जो कला, संस्कृति और पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए आयोजित किया जा रहा है। महोत्सव का मुख्य केंद्र बाड़मेर शहर का आदर्श स्टेडियम होगा, जहां ऊंट दौड़, घुड़सवारी, लोक नृत्य, कवि सम्मेलन और राष्ट्रीय स्तर के कलाकारों की प्रस्तुतियां होंगी। प्राचीन किराडू मंदिर परिसर में धार्मिक-सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित होंगे, जो पर्यटकों को इतिहास और आध्यात्मिकता का अनूठा अनुभव देंगे। वहीं, महाबार के रेतीले धोरों पर रेत कला प्रदर्शनियां, लोक संगीत शामें और पारंपरिक खेल-कूद थार की प्राकृतिक सुंदरता को निखारेंगे। जिला प्रशासन के अनुसार, इन स्थानों पर थीम आधारित कार्यक्रमों से महोत्सव को जीवंत बनाया जाएगा।इस वर्ष का थीम 'थार की धरोहर: कला से पर्यटन तक' रखा गया है। ऊंट सज्जा प्रतियोगिता, लोक वाद्ययंत्र प्रदर्शन आकर्षित करेंगे।

Ashok Shera Official | Verified Expert • 11 Jun, 2026 Editor

"द खटक" एडिटर-इन-चीफ

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